पानीपत। चार माह के गर्भ से परेशान किशोरी तिल-तिल घुटने को मजबूर है लेकिन पानीपत बाल कल्याण समिति और पुलिस एक दूसरे की जिम्मेदारी पल्ला झाड़ने में लगी हैं। पुलिस की ओर से 18 दिन पहले मामले में जीरो एफआईआर दर्ज कर पल्ला झाड़ लिया गया। साथ ही केस को यूपी के बेवना थाने ट्रांसफर कर दिया गया। समिति का कहना है कि पीड़िता को लेकर पुलिस यूपी जाएगी, जिसके बाद वहां की समिति और पुलिस की ओर से आगामी कार्रवाई की जाएगी। बाल कल्याण समिति मामले में कार्रवाई के लिए पानीपत पुलिस को बोल रही है। वहीं पानीपत पुलिस बाल कल्याण समिति की जिम्मेदारी बता रही है। अब बेवना थाना पुलिस का कहना है कि यह मामला उनके क्षेत्र का नहीं बल्कि कानपुर का है। पूरी घटना कानपुर में हुई है। कार्रवाई कानपुर पुलिस करेगी। उनके पास केस को गलत ट्रांसफर किया गया है।
विदित है कि उत्तर प्रदेश के फैजाबाद क्षेत्र की किशोरी अपने परिवार के साथ पुराना औद्योगिक क्षेत्र में रहती है, जहां वह कक्षा आठवीं की छात्रा है। वह 19 जनवरी को अपनी मां के साथ बुआ के पास गई थी, जहां परिजनों ने जबरन बुआ के बेटे से उसकी शादी करा दी। चंद दिनों बाद ही बुआ के बेटे ने उसे छोड़ दिया और दूसरी शादी कर ली। अब चार माह की गर्भवती किशोरी गर्भपात और न्याय के लिए दर-दर की ठोकरें खा रही है। दूसरी ओर बाल कल्याण समिति और स्थानीय पुलिस की हीलाहवाली से केस दर्ज होने के 18 दिन बाद भी पीड़िता को राहत नहीं मिल सकी है। इस बीच किशोरी के पेट में गर्भ चार माह से अधिक का हो चुका है, इसलिए अब गर्भपात भी डॉक्टरों के बोर्ड की सलाह पर ही होगा।
मामले में शनिवार को नारी तू नारायणी उत्थान समिति की अध्यक्ष सविता आर्या ने पानीपत उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर किशोरी को न्याय दिलाने की मांग की है। उन्होंने पूरे मामले में पुलिस व सीडब्ल्यूसी पर लापरवाही का भी आरोप लगाया है। इससे पहले शुक्रवार को उन्होंने पीड़िता किशोरी से मिलकर उसका हाल जाना था। साथ ही परिजनों को मदद का भरोसा दिलाया था।
वर्जन-
उत्तर प्रदेश के बेवाना पुलिस थाना प्रभारी शशांक कुमार शुक्ला ने कहा कि यह घटना कानपुर के नबेड गांव में हुई है। वहीं पर किशोरी के साथ शारीरिक संबंध बने हैं। इसलिए यह केस कानपुर ट्रांसफर किया जाना था। अब उनके पास पानीपत पुलिस ने पता नहीं केस क्यों ट्रांसफर कर दिया है। अब वह किशोरी के पैतृक गांव फैजाबाद में भी इसके बारे में पता कर रहे हैं। इस केस को कानपुर पुलिस को ट्रांसफर किया जाएगा।
वर्जन-
पुराना औद्योगिक क्षेत्र पुलिस थाना प्रभारी जाकिर हुसैन का कहना है कि यह मामला अब सीडब्ल्यूसी देख रही है। अगर उनसे केस गलत ट्रांसफर हुआ है तो बेवाना थाना पुलिस अपने स्तर पर केस को सही जगह ट्रांसफर कर सकती है।
वर्जन-
बाल कल्याण समिति की चेयरपर्सन पदमा रानी का कहना है कि सोमवार को किशोरी की मां के बयान दर्ज किए जाएंगे। उनका प्रयास है कि किशोरी को जल्द उत्तर प्रदेश भेजा जाए। इसके लिए काम किया जा रहा है।