पानीपत। पत्नी की मृत्यु होने सात माह बाद 11 लाख रुपये के क्लेम के दावे को आयोग ने खारिज कर दिया। आयोग ने कहा कि याचिका दाखिल करने में जरूरत से ज्यादा देरी की गई है।
शिकायतकर्ता ने आयोग में याचिका दाखिल कर बताया था कि उनकी पत्नी ने भारतीय जीवन बीमा निगम से दो पॉलिसी ले रखी थी। दिसंबर 2021 में उनकी मृत्यु हो गई थी। एलआईसी ने एक पॉलिसी का भुगतान कर दिया, लेकिन दूसरी पॉलिसी के करीब 11 लाख के क्लेम को कंपनी ने अस्वीकार कर दिया। सुनवाई के दौरान बीमा कंपनी ने दावा किया कि दूसरी पॉलिसी शुरू होने के मात्र 18 दिन में ही पॉलिसी धारक की मृत्यु हो गई थी।
वहीं, क्लेम के लिए सात माह बाद याचिका दाखिल की, जबकि इसके लिए 90 दिन की समय सीमा तय है। आयोग ने मामले की जांच करते हुए पाया कि शिकायतकर्ता देरी का उचित कारण साबित नहीं कर सका। जिस कारण याचिका को खारिज कर दिया। ब्यूरो