एनसीडी कक्ष में खाली पड़ी चिकित्सक की कुर्सी। संवाद
पानीपत। सर्दी बढ़ने से जहां खांसी-जुकाम, वायरल बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं वही साल समाप्त होने से पहले चिकित्सक अपनी छुट्टियां पूरी करने में लगे हैं। जिला नागरिक अस्पताल में खांसी-जुकाम और वायरल बुखार, बीपी, कान-नाक-गले में दर्द के मरीज की ओपीडी सामान्य दिनों से ज्यादा रहने लगी है लेकिन चिकित्सकों के छुट्टी जाने से मरीजों की मर्ज बढ़ गई है। जिला नागरिक अस्पताल में शनिवार को बीपी, शुगर ( एनसीडी ) के चिकित्सक और कान-नाक-गला ( ईएनटी ) के चिकित्सक, आहार विशेषज्ञ और फिजियोथेरेपिस्ट न होने से मरीजों को यहां-वहां चक्कर काटकर बिना दवा के लौटना पड़ा।
जिला नागरिक अस्पताल में सर्दी बढ़ने के साथ मरीजों की संख्या बढ़ गई है। शनिवार को ओपीडी लगभग 1500 रही जिसमें ज्यादातर मरीज बीपी, शुगर, खांसी-जुकाम, वायरल बुखार, जोड़ों और कमर में दर्द, गले और कान में दर्द के रहे लेकिन चिकित्सक की छुट्टियां मरीजों की परेशानी बढ़ा रही हैं। शनिवार को अस्पताल में एनसीडी, ईएनटी, आहार विशेषज्ञ और फिजियोथेरेपिस्ट न मिलने से मरीजों को बिना इलाज व दवा के लौटना पड़ा। उझा गांव की सिम्मो देवी ने बताया कि उसे कुछ दिनों से कमर दर्द हो रहा है। वह फिजियोथेरेपिस्ट के पास इलाज लेने के लिए पहुंची थी लेकिन चिकित्सक न मिलने से उसे बिना इलाज के ही लौटना पड़ा। अब उसे सोमवार को दोबारा अस्पताल का चक्कर काटना पड़ेगा। सिवाह गांव के विनोद ने बताया कि वह अस्पताल में बीपी की दवा लेने के लिए पहुंचा था लेकिन चिकित्सक न मिलने से उसे इतनी ठंड में सोमवार को दोबारा अस्पताल आना पडे़गा।
अस्पताल में साल समाप्त होने से चिकित्सक छुट्टियां ले रहे हैं लेकिन उनके स्थान पर उस विभाग का अन्य चिकित्सक मरीजों का इलाज भी कर रहे हैं। अस्पताल में पहुंचने वाले प्रत्येक मरीज को दवा दी जा रही है।
डॉ. श्यामलाल, एमएस जिला नागरिक अस्पताल।