पानीपत जिला पुलिस ने अंतरराज्यीय कच्छा-बनियान गिरोह का पर्दाफाश कर नौ सदस्याें को काबू किया है। इनकी गिरफ्तारी से जिले में लूट, हत्या और मारपीट की चार वारदात का खुलासा किया गया है।
पुलिस ने जिला समेत सोनीपत और गाजियाबाद समेत यमुना के साथ लगते क्षेत्रों में वारदात के खुलासे का दावा किया है। एसपी बी. सतीश बालन ने सीआईए-टू पानीपत टीम को इसका श्रेय दिया और उनको बधाई दी है।
एसपी बी. सतीश बालन ने सोमवार को सीआईए-टू पानीपत की ओर से कच्छा-बनियान गिरोह के नौ सदस्यों को काबू करने की सफलता का खुलासा पत्रकारवार्ता में किया।
उन्होंने बताया कि गिरोह के सभी नौ सदस्य जिले के गांव जलमाणा में वारदात को अंजाम देने की साजिश रच रहे थे। सीआईए टू पानीपत टीम को गुप्त सूचना मिली और मौके पर दबिश देकर गिरोह के नौ सदस्यों को काबू किया।
पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में बदमाशाें ने जिले के गोयला कलां और खोजकीपुर में एक माह में चार वारदात कबूली है। बदमाशाें ने गोयला कलां में पांच मई को महिला की हत्या कर दी थी और दो मकानों में लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया था।
इसके बाद 28-29 मई की रात को खोजकीपुर गांव के दो घरों में घुसकर हत्या और लूट की वारदात को अंजाम दिया था। गिरोह के बदमाश यूपी के कैराना और हरियाणा के सोनीपत जिले से संबंध रखते हैं।
वे सब झुग्गी झोपड़ियों में रहते थे और यहीं से वारदात को अंजाम देते थे। पुलिस पूछताछ में यमुना के साथ लगते सोनीपत और दिल्ली एनसीआर के क्षेत्र में इस तरह की कई वारदात के खुलासे हो सकते हैं।
उन्होंने सीआईए टू प्रभारी दीपक कुमार, एएसआई सुल्तान सिंह, राजेश कुमार व देवेंद्र और हवलदार मनदीप व मनोज को श्रेय दिया और सभी कर्मियों को उचित पुरस्कार दिया जाएगा।
शरीर पर लगाते थे तेल और अन्य तरल पदार्थ
एसपी बी. सतीश बालन ने बताया कि आरोपी झुग्गी झोपड़ियों में घुमंतू वेशभूषा में रहते थे। वे कहीं पर झुग्गी डालकर रहने लग जाते थे और यहां के 20 से 30 किलोमीटर क्षेत्र में वारदात को अंजाम देते थे।
ये सब वारदात स्थल से कुछ दूरी पर अपने कपड़े उतार देते थे और एक सदस्य को कपड़ों के पास छोड़ जाते थे। बाकी सब शरीर पर तेल और अन्य तरल पदार्थ लगा लेते थे और घरों में घुसकर ब्लाइंड हमला करते थे।
इसमें महिलाएं सबसे ज्यादा शिकार होती थीं। इसके बाद वे नकदी व गहने लूटकर फरार हो जाते थे। कई बार देखने को मिला कि ये सब पुलिस के आगे-आगे लूटपाट की वारदात को अंजाम देते चले जाते थे।
सतबीर है गिरोह का सरगना
सीआईए टू पानीपत की ओर से पकड़े गए कच्छा बनियान गिरोह का सरगना सतबीर है और वह कांधला रोड कैराना में झुग्गी झोपड़ी में रहता है। एसपी बी. सतीश बालन ने बताया कि बदमाशाें में नासिर निवासी बागपत यूपी, राजू निवासी कांधला रोड कैराना, राज निवासी बागपत यूपी, विजेंद्र उर्फ मोनू निवासी दोगट, बागपत, जोगेश निवासी दोगट बागपत, चिक्की निवासी जलालपुर खरखड़ी, बागपत, सतबीर निवासी कांधला रोड कैराना व लल्लीराम निवासी दुर्जनपुर खेड़ा, बागपत शामिल हैं। ये इन स्थानाें पर झुग्गियां डालकर रह रहे हैं। इनमें से कई के स्थायी पते सोनीपत के हैं।
पुलिस पार्टी पर भी किया हमला
सीआईए टू प्रभारी दीपक कुमार को गुप्त सूचना मिली कि जलमाणा गांव में कुछ लोग लूटपाट की वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं। दीपक कुमार एएसआई सुलतान सिंह, राजेश कुमार, देवेंद्रे व हवलदार मनदीप और मनोज के साथ जनमाणा गांव में सूचना के आधार पर पहुंचे। यहां पर कुछ लोग बैठे हुए थे। पुलिस पार्टी को देखकर बदमाशाें ने भागने का प्रयास किया और इस दौरान पुलिस पार्टी के साथ झड़प के बीच हमला भी किया। पुलिसकर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद नौ बदमाशाें काबू कर उनसे डंडे बरामद किए हैं।
इन वारदात का हुआ खुलासा
एसपी बी. सतीश बालन ने बताया कि पांच मई को जिले के गोयला कलां में मांगेराम के घर में घुस गए थे। यहां पर उसके लड़के कृष्ण व उसकी पत्नी सरोज पर हमला कर दिया था, जिसमें सरोज की मौत हो गई थी और कृष्ण गंभीर रूप से घायल हो गया था।
बदमाश यहां से 70 हजार रुपये नकद और गहने लूट ले गए थे। इसी गांव में दूसरे छोर पर मोतीराम के घर पर हमला कर दिया, जिसमें मोतीराम व उसकी पत्नी किस्मती घायल हो गई और यहां से 25 हजार रुपये नकद व चांदी के गहने लूट ले गए थे।
28-29 मई की रात को खोजकीपुर गांव में दो घरोें में कुछ लोग घुस गए। उन्होंने शिवकुमार, उसकी मां प्रेमो व बहन सुदेश पर हमला कर दिया।
उन्होंने यहां से 25 हजार नकद और सोने, चांदी के काफी गहने लूट ले गए थे। बदमाशों ने दूसरी वारदात नंबरदार तरसपाल के घर पर दी। उन्होंने यहां से तरसपाल को चोट पहुंचाकर 30 हजार रुपये नकद और गहने लूट लिए थे।