डाहर गांव के पास बुधवार सुबह करीब नौ बजे एक कॉटन मिल में आग लग गई। सूचना पर विभाग की दमकलें पहुंच गईं, लेकिन आग की भयानकता को देख पानीपत के साथ ही समालखा और थर्मल की दमकलों को भी मौके पर बुला लिया गया। इन सब की करीब 20 दमकलें रात तक आग पर काबू पाने में लगी रहीं। आग इतनी भीषण थी कि मिल के पास स्थित डाहर निवासी होशियार सिंह के मकान की दीवारें भी आग की चपेट में आ गईं। हादसे के समय मिल में मजदूर नहीं थे। इस वजह से जनहानि होने से बच गई। आग लगने का कारण शार्ट सर्किट बताया जा रहा है।
पानीपत निवासी विनोद बिंदल ने बताया कि डाहर गांव के पास उसकी सूर्या फैब्रिक्स नाम से कॉटन मिल है। बुधवार सुबह वह मिल पहुंचे थे। करीब नौ बजे मिल में अचानक आग लग गई। उन्होंने तुरंत इसकी सूचना दमकल विभाग को दी। जिला मुख्यालय से करीब दो दर्जन दमकलें मौके पर पहुंच गईं। भीषण आग के चलते देर शाम तक आग पर काबू नहीं पाया जा सका।
मिल मालिक ने बताया कि मिल में आग लगने से उनका लाखों रुपये का वेस्ट काटन जल कर राख हो गया। उधर, काटन मिल के साथ लगते होशियार सिंह के मकान की दीवार को भी आग ने चपेट में ले लिया। होशियार सिंह ने बताया कि उन्होंने आग की लपटों को अपने मकान की तरफ आता देख परिजनों और घर में बंधे पशुओं को तुरंत बाहर निकला दिया। यदि समय रहते वे ऐसा न करते तो बड़ा नुकसान हो सकता था।