नगर पालिका कर्मचारी संघ के बैनर तले चल रही हड़ताल चौथे दिन समाप्त हो गई। निगम प्रशासन ने निगम कर्मचारियों द्वारा रखी गई दो मांगों को मान लिया है। मानी गई मांगों में कर्मचारियों का बकाया एरियर और वर्दी व जूता भत्ता दिया जाएगा। इसके अलावा लंबित रखी मांगों में 400 अनुपात एक की औसत से सफाई कर्मचारियों की भर्ती करना और हटाए गए कर्मचारियों को वापस नौकरी देना सरकार के फैसले पर निर्भर रहेगा। इस निर्णय के साथ चौथे दिन वीरवार को निगम कर्मचारियों ने हड़ताल समाप्त कर दी, लेकिन निगम कार्यालयों में अभी काम शुरू नहीं हो पाया। अब शुक्रवार से दोबारा काम शुरू होगा।
इससे करीबन 250 उन कर्मचारियों को लाभ मिलेगा, जिनका करीब चार करोड़ रुपये एरियर बकाया था। इस एरियर का भुगतान निगम करेगा, लेकिन इसे पार्ट पैमेंट के हिसाब से दिया जाएगा। निगम के पास बजट न होना इसका बड़ा कारण माना जा रहा है। वहीं सफाई व फायर के करीब 400 लाभार्थी कर्मचारियों को वर्दी जूते के भत्ते का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए निगम करीब 11 लाख रुपये का भुगताना करने का तैयार है। घोषणा करते हुए निगम आयुक्त सुशील कुमार ने कहा कि निगम आयुक्त की पावर के हिसाब से जितनी मांगों को वे मान सकते थे, उन्हें मान लिया गया है। बाकी की लंबित मांगें सरकार स्तर की हैं।