पानीपत। विश्व एथलेटिक्स में स्वर्ण पदक देश के नाम करने वाले नीरज चोपड़ा का अगला निशाना एशियाई खेल हैं। ये खेल 23 सितंबर से आठ अक्तूबर के बीच चीन के होंगझाेऊ शहर में होंगे। नीरज के चाचा भीम चोपड़ा ने बताया कि नीरज अपने खेल और देश का नाम ऊंचा करने में लगे हैं। उनको नीरज पर भरोसा है। वह एशियाई खेलों में भी देश का नाम रोशन करेंगे। नीरज अक्तूबर-नवंबर में अपने गांव खंदरा आ सकते हैं।
नीरज चोपड़ा ने पदक जीतने के बाद मंगलवार रात अपने चाचा भीम चोपड़ा के साथ फोन पर बात की। उन्होंने कुछ ही देर में परिवार का हालचाल जाना और विश्व एथलेटिक्स में स्वर्ण पदक जीतने की खुशी साझा की। चाचा भीम चोपड़ा ने बताया कि पदक जीतने के बाद परिवार लगातार उनसे संपर्क कर रहा था, लेकिन व्यस्तता के चलते उनसे बात नहीं हो पा रही थी। नीरज विश्व एथलेटिक्स में स्वर्ण पदक जीतने के बाद इससे संबंधित विषयों में व्यस्त हैं। उन्होंने रक्षाबंधन मनाने के सवाल पर कहा कि उनका हर दिन त्योहार है। उन्होंने फोन पर सबको रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दी हैं। परिवार भी उनकी व्यस्तता को समझता है। विदित हो कि नीरज चोपड़ा ने विश्व चैंपियनशिप में 88.17 मीटर भाला फेंककर स्वर्ण पदक जीता है।
चाचा भीम चोपड़ा ने बताया कि नीरज अक्तूबर के अंतिम या नवंबर के पहले सप्ताह में आएंगे। परिवार दिवाली की खुशियों के साथ नीरज के पदक जीतने का जश्न मनाएगा। परिवार को आज भी बधाइयों का सिलसिला जारी है। उन्होंने बताया कि नीरज अब एशियाई खेलों की तैयारी करेंगे। इसके साथ एक डायमंड लीग भी होना है। वे परिवार से ऊपर देश को लेकर चल रहे हैं।
नीरज की मां सरोज ने बताया कि बेटे ने उनका ही नहीं पूरे देश का सपना पूरा किया है। वर्ल्ड ओलंपिक में पदक लाना अपने आप में बड़ी बात है। उन्हें अपने बेटे पर भरोसा था। उसने उसे पूरा किया। नीरज को खेलने के साथ गाड़ी चलाने का भी शौक है। उन्होंने दोनों शौक अपनी मेहनत से पूरे किए हैं। उनके पास रेंज रोवर समेत कई गाड़ियां हैं, लेकिन उनके पास उन्हें चलाने का समय नहीं है। पिता सतीश ने बताया कि बेटे के आने पर उनका स्वागत भव्य रूप से किया जाएगा। पूरे गांव में खुशी का माहौल है।