माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। ड्रेन नंबर-1 के साथ बाईपास निर्माण के लिए की जा रही तोड़फोड़ से नाराज प्रभावित लोग अब आर-पार की लड़ाई के मूड में हैं। नगर निगम द्वारा मकानों पर लगाए गए निशानों और डिमोलिशन ड्राइव के विरोध में निवासियों ने घर बचाओ न्याय संघर्ष समिति के बैनर तले छोटूराम चौक पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मांगें पूरी होने और निष्पक्ष पैमाइश होने तक धरना जारी रहेगा।
धरने की अध्यक्षता समिति अध्यक्ष मोनू सैनी ने की। उन्होंने सरकार और निगम प्रशासन पर भेदभाव का आरोप लगाया। उनका कहना है कि विधायक प्रमोद और मेयर कोमल सैनी सेक्टरवासियों की समस्याएं सुन रहे हैं, लेकिन वर्षों से रह रहे कॉलोनीवासियों की सुध नहीं ली जा रही।
मोनू सैनी ने आरोप लगाया कि निगम की पैमाइश में गड़बड़ी है। ड्रेन के साथ सबसे अधिक कब्जे न्यू जगन्नाथ विहार कॉलोनी में हैं, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते वहां कार्रवाई नहीं की जा रही। दूसरी ओर, गरीब लोगों की पक्की रजिस्ट्रियों और इंतकाल वाली संपत्तियों को भी अवैध बताकर मकान तोड़े जा रहे हैं।
32 फीट सड़क के लिए 47 फीट तक लगाए निशान
मोनू सैनी ने बताया कि उनके घर के सामने ड्रेन की सड़क 32 फीट चौड़ी है, लेकिन निशान 47 फीट तक लगाए हैं। बोले-इतनी चौड़ी सड़क शहर की अंदरूनी गलियों में तो दूर, जीटी रोड पर भी नहीं है। प्रभावित निवासी रमेश और कृष्ण ने कहा कि वे किसी भी कीमत पर अपने आशियाने नहीं टूटने देंगे और धरना जारी रखेंगे।
237 को नोटिस, 85 कब्जे पहले ही ढहाए
नगर निगम को जीटी रोड स्थित पीडब्ल्यूडी कार्यालय से सेक्टर-25 स्थित मित्तल मेगा मॉल की सड़क तक करीब पांच किलोमीटर लंबा बाईपास निकालना है। इसके लिए 237 मकानों और दुकानों को नोटिस जारी किए गए हैं। रक्षाबंधन से पहले चलाए गए दो दिवसीय अभियान में निगम 85 कब्जे पहले ही ध्वस्त कर चुका है।
एचएसवीपी की जमीन से जुड़े दावों और आपत्तियों का समाधान राजस्व विभाग और एचएसवीपी द्वारा किया जाएगा। नगर निगम के अधिकार क्षेत्र से जुड़ी शिकायतों और जमीनी मामलों का नियमानुसार निगम स्तर पर समाधान किया जाएगा। इन मामलों की लगातार सुनवाई की जा रही है।
- डॉ. पंकज, आयुक्त, नगर निगम