पानीपत। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने 10वीं, 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा के पैटर्न में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। सीबीएसई ने परीक्षा में योग्यता आधारित प्रश्नों को ज्यादा महत्व दिया है जबकि लघु व दीर्घ उत्तरात्मक प्रश्नों को कम करने का निर्णय लिया है। सीबीएसई के इस बदलाव से तथ्यात्मक याद की बजाय विद्यार्थियों की आलोचनात्मक सोच और समस्या समाधान कौशल का मूल्यांकन होगा।
विशेषज्ञों के अनुसार सीबीएसई बोर्ड ने 10वीं, 12वीं की वार्षिक परीक्षाओं के लिए प्रश्न-पत्र फॉर्मेट में अहम बदलाव पेश किए हैं। इसे राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के साथ अंडरलाइन किया है। ये बदलाव योग्यता-आधारित शिक्षा की ओर बढ़ते बदलाव को दर्शाते हैं। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों की रटने की प्रवृत्ति पर निर्भरता की बजाय उनके ज्ञान के व्यावहारिक अनुप्रयोग का निरीक्षण करना है।
बोर्ड परीक्षा पैटर्न के सबसे उल्लेखनीय परिवर्तनों में से एक योग्यता-आधारित प्रश्नों पर बढ़ता फोकस है। कक्षा 10वीं के लिए फॉर्मेट पिछले शैक्षणिक सत्र के मुताबिक है जिसमें 50 फीसदी सवाल योग्यता-आधारित हैं। हालांकि कक्षा 12वीं के लिए योग्यता आधारित प्रश्नों का अनुपात 2025 में 40 प्रतिशत से बढ़कर 50 प्रतिशत हो जाएगा। ये प्रश्न अलग-अलग रूपों में आएंगे जिनमें बहु-विकल्पीय प्रश्न (एमसीक्यू), केस-बेस्ड प्रश्न और स्रोत आधारित एकीकृत प्रश्न शामिल हैं। विद्यार्थियों को अपनी तैयारी रणनीतियों को उसी के मुताबिक समायोजित करना चाहिए। उन्हें कॉन्सेप्टस को गहराई से समझने और समस्या समाधान तकनीक का अभ्यास करने पर फोकस करना चाहिए।
आगामी परीक्षाओं के लिए सीबीएसई के संशोधित प्रारूप में रटने पर दिए जाने वाले महत्व को कम करने पर भी जोर दिया गया है। इन बदलावों का उद्देश्य छात्रों को तथ्यों को मात्र याद करने से आगे बढ़कर विषय वस्तु की गहन समझ की ओर मोटिवेट करना है। परिणामस्वरूप 10वीं और 12वीं दोनों परीक्षाओं में लघु उत्तर और दीर्घ उत्तरीय जैसे प्रतिक्रिया प्रश्नों की संख्या में थोड़ी कमी आएगी।
विद्यार्थियों को परीक्षा शेड्यूल का इंतजार
सीबीएसई की ओर से दिसंबर में 10वीं और 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं की डेटशीट जारी करने की संभावना है। विद्यार्थी परीक्षा शेड्यूल का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। विद्यार्थी आधिकारिक समय-सारणी प्रकाशित होते ही सीबीएसई की वेबसाइट से डेटशीट डाउनलोड कर सकते हैं। सीबीएसई बोर्ड परीक्षाएं 15 फरवरी से शुरू होंगी।
विद्यार्थियों का कौशल बढ़ाने के लिए सीबीएसई योग्यता आधारित प्रश्नों को बढ़ावा दे रही है। इसके तहत 10वीं, 12वीं कक्षा बोर्ड परीक्षा पैटर्न में बदलाव किया गया है।
- डॉ. विनीता तोमर, प्रधानाचार्या, दयाल सिंह पब्लिक स्कूल।