मार्च में लौटा कोहरा। असंध रोड पर मंगलवार सुबह आठ बजे छाया कोहरा। संवाद
पानीपत। मार्च में आमतौर पर गर्मी होने लगती है। लोग पंखे का सहारा लेना शुरू कर देेते हैं लेकिन इस बार मौसम में कुछ अलग ही तरीके का उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के चलते मंगलवार को मौसम में एक साथ बदलाव आया। तड़के घना कोहरा देखने को मिला, जिससे दृश्यता 20 मीटर रह गई। इससे अधिकतम तापमान में एक डिग्री की कमी आई।
मंगलवार को जैसे ही लोग सोकर उठे तो उनका सामना कोहरे से हुआ। सुबह के समय ड्यूटी जाने वालों को दृश्यता के चलते परेशानी का सामना करना पड़ा। सुबह करीब नौ बजे धूप निकलने और हवा चलने के बाद कोहरे से राहत मिली। कोहरा छाने से मंगलवार को सोमवार की अपेक्षा अधिकतम तापमान में एक डिग्री की कमी आई। मंगलवार को अधिकतम तापमान 33 और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जिससे लोगों को गर्मी का अहसास हुआ। हवा की रफ्तार 11 किलोमीटर प्रति घंटा रही। नौल्था निवासी राममेहर ने बताया कि मार्च माह में मई माह जैसी गर्मी महसूस होने लगी है। बढ़ता तापमान गेहूं की फसल के लिए नुकसानदायक साबित होगा। अभी गेहूं के दाने के विकास के लिए हल्की धूप के साथ सुबह-शाम की ठंड भी जरूरी है लेकिन पिछले कुछ दिनों से तापमान लगातार बढ़ रहा है। इससे किसानों को चिंता बढ़ गई है। यदि इस समय बारिश होती है तो गेहूं का उत्पादन बढ़ सकता है। अगर इसी तरह तापमान बढ़ता रहा तो किसानों को नुकसान होगा। कृषि विज्ञान केंद्र उझा के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आशीष कुमार ने बताया कि वीरवार से आगामी कई दिन बादलों की आवाजाही रह सकती है इससे तापमान में कमी आएगी। तापमान में कमी आने से गेहूं का उत्पादन बढ़ सकता है। उन्होंने वीरवार को बादल छाए रहने की संभावना जताई है।
बिजली गुल रहने से लोगों को हुई परेशानी
मंगलवार को सुबह ही जीतगढ़ समेत आधा दर्जन पावर हाउस की बिजली गुल रही। लोगों को बिजली न होने से पानी के लिए भी यहां-वहां भटकना पड़ा। जीतगढ़ निवासी वीर सिंह ने बताया कि मार्च में मंगलवार को सुबह कोहरा देखने को मिला। सुबह करीब पांच से 10:30 बजे तक बिजली गुल रही इससे पानी की समस्या रही। इससे सुबह के काम देरी से हुए। गर्मी शुरू होने से पहले ही बिजली कट परेशान करने लगे हैं।