माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। एडीजे अमरदीप की कोर्ट ने झपटमारी के मामले में एक आरोपी को दोषी करार दिया है। उसे पांच साल की कैद और छह हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
खास बात यह है पीड़ित ने जिन दो आरोपियों के नाम इस मुकदमे में दर्ज कराए थे। पुलिस ने विवेचना के दौरान उनके नाम निकाल दिए थे। जिसे अदालत ने गंभीरता से लिया है। अदालत ने एसपी को आरोपियों के नाम मुकदमे से निकालने के आधार की जांच करने के निर्देश दिए हैं। लापरवाही मिलने पर विवेचक के खिलाफ कार्रवाई को भी कहा है।
अभियोजन पक्ष ने बताया कि पांच अगस्त 2021 में करनाल की राजीव कॉलोनी निवासी पंकज ने किला थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। पंकज का कहना था कि वह अपनेे साथी लक्की के साथ पानीपत आया था। शाम को करीब सात बजे वह बरसत रोड पर पहुंचे तो वह लघुशंका के लिए रुक गया। जहां तीन लड़के आए और मोबाइल फोन और 1200 रुपये छीनकर ले गए। इनमें से एक युवक का नाम विजय और एक का परमजीत था। पुलिस ने विजय और परमजीत व एक अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की थी।
जांंच के दौरान पुलिस ने आरोपी दीपक निवासी सिवाह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। उसके कब्जे से मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया था। विवेचना के बाद विवेचक ने दीपक के खिलाफ आरोपपत्र अदालत में दाखिल किया था। लेकिन, विजय और परमजीत के नाम मुकदमे से निकाल लिए थे।