हरियाणा शिक्षा बोर्ड ने विद्यार्थियों को बड़ी राहत देते हुए पाठ्यक्रम 30 फीसदी कम किया। अब विभाग परीक्षा के पैटर्न में भी बदलाव कर सकता है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार कोविड-19 को देखते हुए आगामी परीक्षाओं में बहु-विकल्पीय प्रश्नों की संख्या बढ़ाए जाने पर विचार किया जा रहा है। वहीं शिक्षाविदों की मानें तो परीक्षा का पैटर्न बदलने और बहु विकल्पीय प्रश्नों की संख्या बढ़ाने से विद्यार्थियों पर परीक्षा का बोझ कम होगा। सिलेबस में नीचे दिए सैंपल पेपर में बहु विकल्पीय प्रश्नों की संख्या पहले से लगभग दोगुनी होगी। हालांकि इसमें अभी बदलाव संभव है।
विषयवार ऐसा हो सकता है पैटर्न
परीक्षा के पैटर्न में नया बदलाव शिक्षा बोर्ड द्वारा पिछले दिनों करवाई गई ऑनलाइन कोविड-19 परीक्षा के आधार पर किया जा रहा है जिसके तहत सेकेंडरी, सीनियर सेकेंडरी के साथ-साथ 9वीं और 11वीं की कक्षाओं में भी बहुविकल्पीय प्रश्नों की संख्या बढ़ाई जा सकती है। 10वीं और 12वीं में अंग्रेजी में 40 अंक के रिडिंग स्किल्स का भाग ए और हिंदी में भाग-अ को बहु विकल्पीय प्रश्नों पर आधारित बनाया जा सकता है। अन्य विषयों में भी बच्चों को बहु विकल्पीय प्रश्नों के माध्यम से राहत देने की योजना है।
बहु-विकल्पीय प्रश्नों पर आधारित होती हैं प्रतियोगी परीक्षाएं
लगभग सभी प्रतियोगी परीक्षाएं बहु विकल्पीय प्रश्नों के आधार पर होती हैं। ऐसे में बोर्ड प्रशासन की योजना है कि बच्चों को इसके लिए पहले से ही तैयार किया जाए। वहीं अगर 30 सितंबर को स्कूल न खुले तो सिलेबस को ओर कम किया जाएगा।
सभी विद्यार्थियों के पास सुविधाएं न होने के कारण ऑनलाइन कक्षाएं नहीं ले पा रहे हैं। ऐसे में पैटर्न में बदलाव से विद्यार्थियों को राहत मिलेगी।
हीरामल भार्गव, प्राचार्य, राजकीय वमावि उझा, पानीपत।
इस बार ऑब्जेक्टिव प्रश्नों की संख्या भी बढ़ाई जा सकती है। सिलेबस या परीक्षा प्रारूप के विषय में शिक्षा विभाग निर्णय लेगा।
रमेश कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी, पानीपत।