पानीपत। भारतीय किसान यूनियन के जिला प्रधान सोनू मालपुरिया पर एफआईआर दर्ज करवाने के विरोध में सोमवार को किसानों ने करनाल के सेक्टर-4 में स्थित चौकी का घेराव किया। जिला प्रधान पर करनाल नीलकंठ ढाबा के संचालक ने प्रॉपर्टी विवाद के संबंध में केस दर्ज करवाया था। इससे किसानों में रोष है। करनाल आने से पहले किसानों ने किसान भवन पानीपत में बैठकर रणनीति बनाई और उसके बाद एक बजे वहां से रवाना हुए। दोपहर दो बजे करनाल सेक्टर-4 चौकी के बाहर पहुंचकर किसानों ने जमकर डेढ़ घंटे तक धरना प्रदर्शन किया।
चौकी इंचार्ज ने कहा अगली बार आना, आईओ और एसएचओ नहीं हैं
किसानों ने बताया कि चौकी इंचार्ज जितेंद्र ने कहा कि आइओ और एसएचओ नहीं हैं। अगली बार जब वह होंगे तब आना। इस पर किसानों का गुस्सा बढ़ गया। सोनू मालपुरिया ने बताया कि चौकी इंचार्ज ने सोमवार को बुलाया था, अब अधिकारी मौजूद नहीं मिले।
- पिछले तीन दिन से अभियान चलाकर किसानों को जोड़ रहे थे
भारतीय किसान यूनियन पानीपत पिछले तीन दिनों से जिले के किसानों को एकजुट करने का काम कर रही थी। पहले किसान भवन में दो दिन तक बैठक की। जिसके बाद रविवार को शहर मालपुर में बैठक कर किसानों को एकजुट किया और किसानों को फोन करके जोड़ने का काम किया,लेकिन उनका यह सभी प्रयास फेल हो गया।
मेरे ऊपर लगाए गए सभी इल्जाम झूठे हैं। मेरे साथ हमेशा चार पांच लोग चलते है। मैं उनसे मिलने गया और सारी घटना सीसीटीवी में कैद है जिसके बाद भी वह मारपीट और हाथापाई का आरोप लगा रहे हैं। जबकि ऐसा कुछ नहीं हुआ है। वहीं उन्होंने एफआईआर में रिपोर्ट दर्ज करवाई है कि मैने फोन पर जान से मारने की धमकी दी है। मेरे पास फोन कॉल रिकॉर्डिंग है। जिसमें इस तरह की कोई बात नहीं है। जिसके लिए वह जिले के किसानों के साथ करनाल गए थे।
- सोनू मालपुरिया, प्रधान, भारतीय किसान यूनियन