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22 जुलाई तक अंकों को मॉडरेट नहीं किया तो रुक सकता है परिणाम

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रवींद्र नैन
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पानीपत। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) 12वीं का परीक्षा परिणाम जारी करने के लिए स्कूलों को समय-समय पर जरूरी दिशानिर्देश जारी करता रहा है। सीबीएसई द्वारा जारी ताजा निर्देशों के अनुसार स्कूलों को 22 जुलाई तक अंकों को मॉडरेट (पिछले परीक्षा परिणामों के आधार पर औसत अंक) करने के आदेश दिए हैं। बोर्ड ने कक्षा 12वीं के परिणामों की गणना के लिए 16 जुलाई से 22 जुलाई की मध्यरात्रि तक परिणाम पोर्टल खोल दिया है, ताकि स्कूलों को कक्षा 10वीं और 11वीं के अंकों का मॉडरेशन पूरा करने की अनुमति मिल सके। बोर्ड ने एक आधिकारिक नोटिस में कहा कि यदि कोई विद्यालय निर्धारित समय सीमा में मॉडरेशन पूरा करने में विफल होता है, तो उनका परिणाम 31 जुलाई के बाद अलग से घोषित किया जाएगा।
इस वर्ष स्कूलों को अंकों की गणना करनी है। लेकिन देश के सभी स्कूलों में समानता की कमी होने की वजह से सीबीएसई की मूल्यांकन नीति पर कई लोगों ने चिंता जताई है। देश के विभिन्न विद्यालयों द्वारा आयोजित परीक्षाओं के लिए तैयार किए गए प्रश्न पत्रों के कठिनाई स्तर, मोड और अन्य मापदंडों में काफी अंतर होता है, जिसकी वजह से परिणामों में अंतर आने की बहुत ज्यादा संभावना है। संवाद
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समिति सुनिश्चित करेगी मॉडरेशन
परीक्षा परिणाम की सही रूप से गणना हो यह सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक स्कूल में एक समिति का गठन किया गया है। वहीं निष्पक्ष और पारदर्शी परिणाम मॉडरेशन सुनिश्चित करने के लिए कक्षा 11वीं और 12वीं के अंकों को अन्य छात्रों के स्तर तक बढ़ाने के लिए स्केलिंग करना पड़ सकता है।
...समझिए मॉडरेशन पॉलिसी
सीबीएसई दस्तावेज में कहा गया है कि पिछले तीन वर्षों की बोर्ड परीक्षा में स्कूल के प्रदर्शन को 2020-2021 के अंकों को मॉडरेट करने के लिए एक रिफ्रेंस के तौर पर लिया जाएगा। यानि पिछले परीक्षा परिणामों के आधार पर औसत अंक दिए जाएंगे। उदाहरण के तौर पर अगर किसी विद्यालय का 2017-2018 में औसत 72 फीसदी विद्यार्थियों ने परीक्षा पास की है, 2018-2019 में 74 फीसदी और 2019-20 में 71 फीसदी, तो विद्यालय मॉडरेशन के लिए 2018-19 के विषय वार औसत का उपयोग करेगा।
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निष्पक्ष और पारदर्शी परिणाम मॉडरेशन सुनिश्चित करने के लिए सीबीएसई ने स्कूलों को 22 जुलाई तक अंकों को मॉडरेट करने के आदेश दिए हैं। जो विद्यालयों ने 22 जुलाई तक अंकों को मॉडरेट नहीं करेंगे, उनका परिणाम 31 जुलाई के बाद अलग से घोषित किया जा सकता है।
-बिजेंद्र मान, चेयरमैन, सर छोटू राम स्कूल, विकास नगर, पानीपत।
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