दवा के धोखे में टीचर ने निगला जहरीला पदार्थ, मौत
-सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम करवा परिजनों को सौंपा शव
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। शहर के स्कूल बाल विकास के एक टीचर की जहरीले पदार्थ के असर से मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि उसकी मौत दवा के धोखे में जहर खाने से हुई है। पुलिस ने तहसील कैंप प्रकाश नगर निवासी शिक्षक के शव का परिजनों के बयानों के आधार पर पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। जबकि कुछ जानकार शिक्षक उसकी मौत का कारण पत्नी के साथ विवाद होना बता रहे हैं। थाना शहर पुलिस ने इस मामले में फिलहाल 174 के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।
तहसील कैंप प्रकाश नगर निवासी नीरज (35) मॉडल टाउन स्थित बाल विकास स्कूल मेें बतौर डीपीई कार्यरत था। परिजनों ने बताया कि वह पिछले कुछ दिनों से बीमार चल रहा था। रविवार देर शाम उसने दवा के धोखे में जहरीला पदार्थ निगल लिया। जिससे उसकी हालत खराब होती चली गई। परिजनों ने उसकी बिगड़ती हालत को देखते हुए शहर के एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची थाना शहर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल के शवगृह में रखवा दिया। पुलिस ने सोमवार सुबह शव का पोस्टमार्टम करवा परिजनों को सौंप दिया।
तीन भाइयों में था मंझला
परिजनों ने बताया कि नीरज तीन भाइयों में मंझला था। वहीं नीरज के भी तीन बच्चे हैं। दो लड़की व एक लड़का। बड़ी लड़की पांचवीं कक्षा में पढ़ती है। तीनों बच्चों में लड़का सबसे छोटा है, जो महज ढाई साल का है। शिक्षक दिवस से एक दिन पहले शिक्षक नीरज की मौत से स्कूल में भी गमगीन माहौल बना रहा। स्कूल में स्टाफ व विद्यार्थियों ने दो मिनट का मौन रखा।
तहसील कैंप प्रकाश नगर निवासी शिक्षक ने रविवार रात को दवा के धोखे में जहरीला पदार्थ निगल लिया। परिजनों के बयान दर्ज कर धारा 174 के तहत कार्रवाई करते हुए पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। सुरेश कुमार, प्रभारी, थाना शहर, पानीपत।