पानीपत। महंगे शौक पूरे करने के लिए बीटेक छात्र ने वीटा बूथ संचालक के साथ चेन स्नेचिंग करनी शुरू कर दी। दोनों ने पहली वारदात दिसंबर में एक फैक्टरी में स्कूटी चोरी से की थी। इसके बाद दोनों ने चेन स्नेचिंग करनी शुरू की। बुधवार शाम को जब दोनों चोरी की स्कूटी बेचने की फिराक में थे, उसी दौरान सीआईए-टू पुलिस ने दोनों को काबू कर लिया। आरोपियों ने उनकी पहचान सुमित उर्फ पोला निवासी महराना पानीपत, राधे उर्फ नानक निवासी पाढ़ा जिला करनाल के रूप में हुई। दोनों को वीरवार को कोर्ट में पेश कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया।
सीआईए-टू टीम प्रभारी इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि बुधवार देर शाम सीआईए-टू की एक टीम एएसआई राजबीर सिंह के नेतृत्व में गश्त के दौरान थाना चांदनी बाग क्षेत्र के अंतर्गत किशनपुरा में मौजूद थी। इसी दौरान टीम को गुप्त सूचना मिली की शीतला माता पार्क के पास स्कूटी सवार दो संदिग्ध किस्म के युवक स्कूटी को बेचने की फिराक में घूम रहे हैं। स्कूटी चोरी की होने की संभावना है। सूचना के आधार पर टीम ने तुरंत मौके पर दबिश दे, स्कूटी सवार दोनों युवकों को काबू कर पूछताछ की तो उन्होंने अपनी पहचान सुमित उर्फ पोला पुत्र सुरेश निवासी महराना पानीपत व राधे उर्फ नानक पुत्र रणधीर निवासी पाढा जिला करनाल के रूप में बताई। स्कूटी के कागजात मांगने पर युवक बहानेबाजी करने लगे। गहनता से पूछताछ करने पर आरोपियों ने बताया कि उन्होंने यह स्कूटी 3 दिसंबर 2018 को थाना चांदनी बाग क्षेत्र के अंतर्गत सेक्टर -25 मित्तल मेगा माल के बाहर से चोरी की थी। इसी स्कूटी पर सवार होकर 25 मई 2019 को थाना मॉडल टाउन क्षेत्र के अंतर्गत रामशरण मंदिर के पास मंदिर से पैदल घर जा रही एक वृद्ध महिला के गले से सोने की चेन स्नेचिंग की थी। गहनता से पूछताछ करने व सोने की चेन बरामद करने के लिए गिरफ्तार उक्त दोनों आरोपियों को वीरवार को कोर्ट में पेश कर एक दिन का पुलिस रिमांड लिया गया।
इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि स्कूटी चोरी की इस वारदात की शिकायत 4 दिसंबर 2018 को थाना चांदनी बाग में वैभव निवासी एनएफएल टाउनशिप पानीपत ने दी थी। चेन स्नैचिंग की इस वारदात की शिकायत थाना मॉडल टाउन में 25 मई 2019 को मॉडल टाउन निवासी पुष्प लता ने दी थी।
बता दें कि सुमित मुरथल के एक कॉलेज में बीटेक थर्ड ईयर का विद्यार्थी है। उसके पैदा होने से पहले उसके पिता की मौत हो गई थी। वो इकलौता लड़का है। इसराना स्थित एक गांव में वीटा बूथ संचालक राधे के साथ उसकी दोस्ती हुई। राधे मूल रूप से करनाल निवासी है। हाल ही में वो अपने मामा के घर गांव सौधापुर रहता था।