चीन से थ्री लेयर और एन-95 मास्क का काफी निर्यात किया जाता है। वहां से निर्यात बंद होने के कारण एन-95 मास्क मार्केट से गायब हो चुका है। चार से पांच रुपये की कीमत वाले मास्क की कीमत 20 रुपये तक पहुंच चुकी है। जरूरतमंदों को एडवांस में ऑर्डर देना पड़ रहा है।
कोरोना वायरस से प्रदेश के 15 हजार करोड़ के दवा कारोबार पर संकट
चीन में फैले कोरोना वायरस के कारण हरियाणा के करीब 15 हजार करोड़ के दवा कारोबार पर संकट गहरा गया है। दवा बनाने के लिए कच्चा माल कंपनियों को नहीं मिल रहा है। कालाबाजारियों ने कच्चा माल की कीमतें दो से छह गुना तक बढ़ा दी है।
प्रदेश में लगभग 200 कंपनियां दवा बना रही है। प्रदेश में थोक और खुदरा विक्रेताओं की संख्या 20 हजार है और प्रदेश में 15 हजार करोड़ का सालाना कारोबार है। दवाओं में इस्तेमाल होने वाला 60 प्रतिशत कच्चा माल चीन से आता है।
एनपीए ने दाम जारी किए हैं
नेशनल फार्मास्यूटीकल प्राइजिंग अथॉरिटी जीवन रक्षक दवाओं की कीमत तय करती है। एनपीए ने दवाओं के नए दाम जारी किए हैं। ये दवाओं के दाम दो माह के लिए जारी किए हैं। दवाओं के दाम दोगुने होने की संभावना भी है। - करतार सिंह, प्रधान केमिस्ट ड्रगिस्ट एसोसिएशन पानीपत।
जितना निर्धारित हुआ है उससे अधिक में बिक्री नहीं होने देंगे
जिन दवाओं का दाम निर्धारित किया है, उससे अधिक कीमत में दवाओं की बिक्री नहीं होने देंगे। जेनेरिक दवा को एमआरपी से अधिक दाम पर नहीं बिकने देंगे। कालाबाजारी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। -विजय राजे राठी, ड्रग कंट्रोलर पानीपत।
हम स्टॉक की जांच करा रहे हैं
सिविल अस्पताल समेत सभी स्वास्थ्य केंद्रों में दवाओं के स्टॉक की जांच करा रहे हैं। फिलहाल उनके पास स्टॉक पूरा है। एडवांस में 15 दिन का स्टॉक रखने का प्रयास कर हैं। -डॉ. संतलाल वर्मा, सिविल सर्जन पानीपत।