सनौली। मार्केट कमेटी बापौली के अंतर्गत आने वाली सब सेंटर सनौली अनाज मंडी में धान डालने की जगह पर दूषित पानी भरा हुआ है। यहां घास उगने लगी है। जिससे मंडी तालाब बन गई है।
इससे किसानों और आढ़तियों में रोष है लेकिन मार्केट कमेटी विभाग व पंचायत, मंडी के साथ लगते बीडीपीओ कार्यालय के अधिकारी भी मौन हैं। उनके कार्यालय के आगे अनाज मंडी दो-चार महीने में ही तालाब का रूप ले चुकी है। इसमें पंचायत विभाग और मार्केट कमेटी दोनों विभागों की लापरवाही देखने को मिल रही है। मार्केट कमेटी सचिव सुंदर लाल ने मंडी के अंदर भरे गंदे पानी की खंड प्रशासन को शिकायत भी दी, उसके बावजूद समाधान नहीं हो सका।
धान डालने की जगह पर भी गंदगी व गंदा पानी भरा होने से किसान अपनी धान की फसल को अब दूसरी मंडियों में बेचने के लिए जाने लगे हैं। अनाज मंडी बापौली में अब धान की आवक शुरू हो चुकी है। अनाज मंडी सनौली खुर्द ब्लॉक के करीब 21 गांवों के किसान अपनी फसलों को बेचने पर हर वर्ष मंडी से विभाग को लाखों रुपये मार्केट फीस की आमदनी लेने के बाद भी कोई सुविधा नहीं मिलने से किसानों ने रोष जताया है। जिससे अब वे दूसरी अनाज मंडी बापौली, समालखा, पानीपत, बाबरपुर में जाने को मजबूर हैं।
किसान रमेश कुमार, सतीसपाल, कृष्णपाल, सुनील, विनोद, राजेंद्र, राकेश, पवन आदि का कहना है कि मंडी के कर्मचारियों को कई बार गंदे पानी की निकासी व सफाई की मांग कर चुके हैं। इसके बाद भी कोई सफाई नहीं की गई। मंडी के फड़ में गंदा पानी भरने से अब घास भी उग चुकी है। बरसात का गंदा पानी भरा है। गंदगी के ढेर लगे हैं।
वर्जन :
मार्केट कमेटी सचिव सुंदर लाल का कहना है कि 23 सितंबर से मंडी में धान की खरीद शुरू हो रही है। अनाज मंडी सनौली खुर्द में बीडीपीओ सनौली खुर्द को मंडी से निकासी की समस्या हल करने के लिए विभाग की ओर से लिखित में पत्र भेजा जाएगा। मंडी के अंदर गांव का गंदा पानी आ रहा है।