पानीपत। जिले में डेंगू का बरकरार है। न्यनूतम तापमान आठ डिग्री तक आ चुका है। डेंगू के साथ साथ शहर वायरल फीवर की चपेट में है। जिले की लगभग 50 लैब पर प्रतिदिन ढाई हजार से अधिक सीबीसी टेस्ट हो रहे हैं। प्रतिदिन 100 से अधिक नए डेंगू के संदिग्ध रोेगी मिले रहे हैं। जिले में अब प्रतिदिन एक हजार से अधिक एलाइजा टेस्ट हो रहे हैं।
इस साल वारयल फीवर के वेरिएंट में काफी बदलाव है। बुखार के साथ साथ शरीर में दर्द व थकान से रोगी परेशान हैं। बुखार जाने के बाद भी 15-20 दिन तक रोगी की बॉडी रिकवर नहीं कर पा रही है। उन्हें सिर दर्द व पैरों में दर्द की शिकायत बनी रहती है। डॉक्टर लोगों को ओआरएस के घोल का सेवन करने की सलाह दे रहे हैं।
शुक्रवार को जिले में डेंगू के तीन नए केस आए हैं। अहर गांव में 18 साल का युवक, पुलिस लाइन में 40 साल की महिला व बिंझौल गांव में 25 साल का युवक डेंगू संक्रमित मिला है। यह सभी केस निजी अस्पतालों से आए हैं। इनका निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है। अब जिले में डेंगू के रोगियों की संख्या 299 पहुंच चुकी है। इस साल डेंगू के केस का पिछले साल का रिकॉर्ड टूट सकता है। पिछले साल रिकॉर्ड 351 मरीज मिले थे। हालांकि जिले में डेंगू का रिकवरी रेट 100 प्रतिशत है। डेंगू के साथ साथ जिला वायरल फीवर की चपेट में है। वायरल फीवर में भी डेंगू के लक्षण मिल रहे हैं। बच्चे वायरल फीवर की जल्द चपेट में आ रहे हैं। हर परिवार में वायरल फीवर के मरीज हैं। शुक्रवार को जिला नागरिक अस्पताल में कुल ओपीडी 1492 हुई है। इसमें वायरल फीवर की 403 रही।
साल दर साल डेंगू के मरीज-
साल- मरीज
2020- 274
2021- 287
2022- 296
2023- 351
2024- अब तक 299
वर्जन :
उप सिविल सर्जन डॉ. सुनील संडूजा ने बताया कि डेंगू का खतरा लगातार बरकरार है। दिसंबर में यह खतरा कुछ कम होगा। अब शुक्रवार को डेंगू के नए तीन केस मिले हैं। यहां एंटी लार्वा एक्टिविटी चल रही है। लोगों को डेंगू के खिलाफ जागरूक किया जा रहा है। सभी स्वास्थ्य केंद्रों में डेंगू वार्ड बनाए गए हैं।