पानीपत। सेक्टर-29 थाना में ट्रांसपोर्टर पति पर गर्भपात, अवैध संबंध, दहेज प्रताड़ना, ससुर पर छेड़छाड़ का केस दर्ज कराने वाली महिला के आरोप झूठे निकले। महिला के ससुराल में टाॅयलेट में इंग्लिश सीट नहीं होने पर 10 साल तक रिश्ते नहीं सुधरने की कहानी भी झूठी निकली।
पुलिस ने दो साल आठ महीने बाद मुकदमा खारिज कर दिया और ससुरालियों की शिकायत पर महिला के खिलाफ 182 के तहत कार्रवाई कर दी। पुलिस ने जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश कर दी है। पुलिस ने नांगल खेड़ी गांव की एक महिला की शिकायत पर चार अप्रैल 2021 को दर्ज केस की गंभीरता से जांच की। महिला की ससुराल में इंग्लिश टाॅयलेट शीट नहीं होने की बात चर्चाओं में थी। तत्कालीन डीएसपी वीरेंद्र कुमार ने जांच की। इसमें गर्भपात के आरोप झूठे निकले।
इसके अलावा ससुर पर लगाया छेड़छाड़ का आरोप भी झूठा मिला। चूंकि ट्रांसपोर्टर पति सोमबीर रायगढ़ और छत्तीसगढ़ में रहता है और परिवार झज्जर में। इसके अलावा दहेज प्रताड़ना के सुबूत भी महिला पेश नहीं कर पाई। बैंक खाते में 12.75 लाख रुपये की ट्रांजेक्शन सामने आई। वह सोमबीर और महिला के पिता के बीच पुराना मामला मिला, जो दहेज नहीं था। महिला ने गृहमंत्री अनिल विज को शिकायत दी। इसकी जांच मधुबन क्राइम ब्रांच से कराई। यहां भी महिला के आरोप झूठे मिले। महिला ने इसके बाद पंचकूला जांच कराई, जो निराधार मिली।
रायगढ़ पुलिस ने एयरपोर्ट से किया था गिरफ्तार
पति सोमबीर ने बताया कि उसकी पत्नी ने फर्जी दस्तावेज तैयार कराए और घर से छह लाख रुपये और जेवरात लेकर कनाडा चली गई। उसने रायगढ़ पुलिस को शिकायत दी। इस पर पुलिस ने नोटिस जारी कर उसे भारत बुलाया। वह कनाडा भागने की फिराक में थी तो पुलिस ने रुकावट नोटिस दिया। इसे दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। वह अब जमानत पर है।
ससुरालियों को दे चुका तीन करोड़ रुपये
सोमबीर ने बताया कि वह सास, ससुर और साले को तीन करोड़ रुपये दे चुका है। उसने अपने साले को कनाडा में स्थापित कराया। जब उसने अपने रुपये मांगे तो ससुरालियों ने उसकी रिकॉर्डिंग शुरू कर दी। दहेज की मांग के झूठे आरोप में फंसाने लगे।
यह है पूरा मामला
नांगल खेड़ी की महिला ने चार अप्रैल 2021 को सेक्टर 29 थाना में शिकायत देकर कहा कि उसकी तीन फरवरी 2013 को झज्जर के गोच्छी गांव के सोमबीर से शादी हुई। इसमें पिता ने 30 लाख रुपये खर्च किए और 15 तोले सोना दिया। उसे कम दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया। आरोप लगाया कि पति के किसी महिला से संबंध थे। दो माह के गर्भ के दौरान उसे बुखार हुआ और उसे गर्भपात की दवा दिला दी। इससे गर्भपात हो गया। ससुरालियों ने उससे ट्रांसपोर्ट के काम के लिए 30 लाख रुपये मांगे। उसने किसी तरह मायके से 10 लाख रुपये लाकर दिए। इसके अलावा व्यापार के लिए 28.60 लाख रुपये भी वापस नहीं दिए। उसने ससुर पर भी छेड़छाड़ का आरोप लगाया।
वर्जन
महिला की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया, लेकिन जांच में आरोप झूठे निकले। इसके बाद मुकदमा खारिज करते हुए पुलिस ने महिला के खिलाफ 182 के तहत कार्रवाई की है और कोर्ट में दस्तावेज पेश कर दिए।
-इंस्पेक्टर राकेश कुमार, प्रभारी, सेक्टर 29 थाना, पानीपत।