पानीपत। शहर की आबोहवा स्वास्थ्य के लिए भारी साबित हो रही है। अब हवा में धूल के कणों की मात्रा चार गुना तक बढ़ गई है। अस्थमा के रोगियों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। दमा रोगियों की नागरिक अस्पताल में भी ओपीडी एकाएक बढ़ी है। पीएम-2.5 की मात्रा बढ़ने से गर्भवतियों के स्वास्थ्य पर भी बुरा प्रभाव पड़ रहा है। पीएम-10 की मात्रा में हुई बढ़ोतरी दिल के रोगियों के लिए बेहद हानिकारक साबित हो सकती है।
डॉक्टर लोगों को सुबह शाम सैर करने से बचने की सलाह दे रहे हैं। हवा के दबाव से बन रही स्मॉग से सुबह की विजिबिलिटी भी धीरे धीरे घट रही है। दिवाली तक आबोहवा में सुधार की गुंजाइश कम ही नजर जा रही है। वीरवार को शहर का एक्यूआई 323 दर्ज किया गया है। जोकि स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है। लगातार छह दिन से प्रदूषण का स्तर रेड जोन में है। अब हवा में कार्बन डाई ऑक्साइड की मात्रा 100 अंक पर पहुंच गई है।
पर्यावरण में पीएम-2.5 की मात्रा न्यूनतम 320, औसतन 323 व अधिकतम 326 दर्ज की गई। पीएम- 10 की न्यनूतम मात्रा 150, औसतन 222 व अधिकतम 307 दर्ज की गई। नाइट्रोजन ऑक्साइड की मात्रा न्यूनतम 21, औसतन 28 व अधिकतम 33 दर्ज की गई। हवा में अमोनिया की न्यूनतम मात्रा 3.0 , औसत 3.0 व अधिकतम मात्रा 5.0 दर्ज की गई है। सल्फर ऑक्साइड की न्यूनतम मात्रा 12 , औसत मात्रा 12 व अधिकतम मात्रा 13 दर्ज की गई है। हवा में कार्बन डाई ऑक्साइड की न्यूनतम मात्रा 51, औसत 83 व अधिकतम 100 दर्ज की गई है।
इन रोगों से संबंधित ओपीडी एकाएक बढ़ी
प्रदूषित हवा का सबसे अधिक प्रभाव नेत्र, श्वास, छाती, हृदय व चमड़ी रोगियों पर पड़ा है। अब सिविल अस्पताल में छाती, श्वास व हृदय संबंधी लगभग 400 पहुंच चुकी है। दमा रोगियों की ओपीडी 50 से अधिक है। ये पहले 25-30 के बीच थी। चमड़ी रोग संबंधी ओपीडी लगभग 330-350 के बीच है। नवंबर से पहले ये ओपीडी 250-270 के बीच रहती थी। नेत्र ओपीडी भी 10 प्रतिशत बढ़ी है।
लगभग हर व्यक्ति सुबह खांसी से परेशान : डॉ. त्यागी
सुबह व शाम लगभग हर व्यक्ति खांसी से परेशान है। प्रदूषित वातावरण फेफड़ों को प्रभावित कर रहा है। लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। बच्चे भी इससे बहुत अधिक प्रभावित है। अब हवा में कार्बन डाई ऑक्साइड की मात्रा भी लगातार बढ़ रही है। लोगों से अपील है कि वो सुबह शाम की सैर करने से बचें।
डॉ. जितेंद्र त्यागी, सीनियर कंसल्टेंट, स्वास्थ्य विभाग
निगम के नीचे पेंट के खाली डिब्बे जलाए
नगर निगम के ताऊ देवी लाल कॉम्पलेक्स स्थित कार्यालय के नजदीक दो युवकों ने वीरवार को कूड़े में आग लगा दी। आग पेंट के खाली डिब्बों में लगाई गई थी। जिससे आसपास का कूड़ा भी जल रहा था। यह आग एक खाली प्लाॅट में डाले गए कूड़े में लगाई गई। जिससे जहरीले धुएं ने वातावरण को भी दूषित कर दिया। उक्त लोगों ने खुद को कबाड़ी बताया। कबाड़ से पेंट के डिब्बे उठाए थे। इनमें जमा पेंट नहीं निकला तो उसको जला दिया। बाकी डिब्बों को कबाड़ में बेचा जाएगा। बता दें कि इससे पहले भी वार्ड 18 और सेक्टर 25 में कूड़े के ढेर में आग लगाने के मामले सामने आ चुके हैं। वहीं, निगम अधिकारी भी इसे लेकर सतर्कता बरते हुए हैं कि कूड़े में आग लगाने वालों पर कार्रवाई की जाए। वहीं, वार्ड 18 के पार्षद बलराम मकौल तो कूड़े में आग लगाने वालों को पकड़ने के लिए 2100 रुपये का इनाम तक रख चुके हैं।
वर्जन :
कूड़े में आग लगाने वालों की पहचान की जा रही है। पहचान होने पर इन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जितेंद्र नरवाल, मुख्य सफाई निरीक्षक नगर निगम