नेशनल विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार सेशन डिविजन पानीपत और सब डिविजन समालखा में शनिवार को दूसरी नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसके लिए 8 लोक अदालतों की खंड पीठ का गठन किया गया था। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अमित शर्मा ने बताया कि इसमें 2240 मुकदमों को रखा गया। जिनमें से 969 मुकदमों को लोक अदालत में पारंपरिक रूप से निपटारा किया गया। लोक अदालत में मोटर दुर्घटना केस पीड़ितों को 3,84,89,000 रुपये मुआवजा दिया गया और धारा 138 एनआई एक्ट चेक बाउंस में 54,48,872 रुपये राशि, बैंक रिकवरी केसों में 2903540 रुपये, मोटर वाहन अधिनियम में 1,14,200 रुपये राशि और फैक्टरी एक्ट समरी केसों में 62000 का जुर्माना किया गया। लोक अदालत में निपटान की राशि 4,70,18,012 रुपये थी।
अमित शर्मा ने बताया कि लंबित मामलों के साथ-साथ पूर्व मुकदमेबाजी के मामलों को निपटने के लिए लोक उपयोगिता सेवाओं की खंडपीठ का भी गठन किया गया। ये अदालत न्यायाधीश पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय एवं कार्यकारी अध्यक्ष हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण राजन गुप्ता के मार्गदर्शन और जिला एवं सत्र न्यायाधीश-एवं-अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पानीपत मनीषा बतरा के निरीक्षण में आयोजित की गई।