कंडम बिल्डिंगों की तैयार होगी रिपोर्ट, भवन मालिकों पर होगी कार्रवाई
गुरुद्वारा पहली पातशाही गिरने के बाद हरकत में आया नगर निगम
जगमहेंद्र सरोहा
पानीपत। गुरुद्वारा पहली पातशाही के गिरने के बाद नगर निगम शहर के पुराने भवनों को लेकर गंभीर हो गया है। निगम ने ऐसे भवनों को गिराने का फैसला लिया है। इसको लेकर संबंधित अधिकारियों को रिपोर्ट बनाने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों को जल्द ही अपनी रिपोर्ट देनी होगी। इसके साथ ही ऐसे भवनों के मालिकों को चिह्नित कर कार्रवाई की जाएगी। इन सबके बीच गुरुद्वारा भवन को गिराने की तैयारी पूरी कर ली गई है। शनिवार सुबह से भवन को गिराने का काम शुरू कर दिया जाएगा। वहीं गुरुद्वारा मार्केट लगातार पांचवें दिन भी बंद रही। दुकानदारों ने इस पर चिंता व्यक्त की।
शहर में करीब एक दर्जन पुराने भवन हैं। इनमें सबसे ज्यादा जैन मोहल्ला व पुराना पानीपत में हैं। ये भवन राहगीरों व आसपास के लोगों के लिए खतरा बने हुए हैं। संबंधित मकान मालिक इनसे होने वाले खतरों को जानकार भी अनजान है और निगम भी एक दो बार नोटिस देकर आंखें मूंदकर बैठ गया। पानीपत नगर निगम बनने के बाद भी इन भवनों पर किसी तरह की कार्रवाई नहीं हो पाई है।
ऐेसे होती है कार्रवाई
नगर निगम कंडम भवनों की पहचान करता है और संबंधित व्यक्ति से भवन के बारे में पूरी जानकारी लेता है। नगर निगम प्रशासनिक अधिकारियों को अपनी रिपोर्ट रखता है और इन भवन मालिकों को सीआरपीसी के तहत नोटिस जारी करता है। नोटिस में संबंधित व्यक्ति हो की कंडम भवन गिराकर उसका मलबा हटाने के निर्देश होते हैं। वह व्यक्ति खुद कंडम भवन को नहीं गिरा पाता तो निगम का दस्ता भवन को गिराता है। इसका सारा खर्च संबंधित व्यक्ति को देना पड़ता है।
गुरुद्वारा गिरने के बाद निगम हुआ गंभीर
गुरुद्वारा पहली पातशाही गिरने के बाद हादसे में पांच लोगों की मौत होने और करीब नौ लोगों के घायल होने के बाद नगर निगम कंडम भवनों के खतरे को लेकर चिंतित हुआ। उधर शनिवार सुबह गुरुद्वारे के भवन को गिराने का काम शुरू किया जाएगा। इसको लेकर एक कंपनी के विशेषज्ञों ने मौका मुआयना कर लिया है। भवन की बाजार के हिस्से की दीवार पर पांच स्पॉट लगा दी हैं। अब दीवार के बाजार की तरफ गिरने का खतरा कम रह गया है।
गुरुद्वारे को गिराने को लेकर दो बड़ी मशीन लगेंगी
एसबीएस इंफ्राटैक प्राइवेट लिमटेड व स्टार पाइल फाउंडेशन ने गुरुद्वारे के भवन को गिराने का जिम्मा लिया है। कंपनी के वरिष्ठ पदाधिकारी समालखा निवासी गुरदीप सिंह ने बताया कि सबसे पहले गुंबद को तोड़ा जाएगा। इसको लेकर दो क्रेन काम करेंगी। एक क्रेन पर टेक्नीशियन खड़े होकर काम करेंगे और दूसरी क्रेन से मलबा नीचे लाया जाएगा। गुंबद को हेयर मशीन से छोटे-छोटे टुकड़ों में काटा जाएगा। वे सबसे पहले तीन मंजिला गुंबद की दो मंजिलों को हटाएंगे। इनको हटाने के बाद गुंबद गिरने के खतरे कम होंगे। इसके बाद बाजार की तरफ खड़ी दीवार को गिराया जाएगा।
गुरुद्वारा पहली पातशाही का गिरना गंभीर विषय है। नगर निगम शहर के बाकी हिस्सों में भी कंडम भवन की तलाश करेगा। इसको लेकर संबंधित अधिकारियों को रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद संबंधित भवन मालिकों को नोटिस देकर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
शिवप्रसाद शर्मा, कमिश्नर, नगर निगम पानीपत।