जिप की बैठक में हिसाब मांगने पर हंगामा, पांच पार्षदों ने किया बहिष्कार, चेयरमैन ने दो को किया निष्कासित
- कांग्रेस व इनेलो पार्षदों ने बैठक में हिसाब को लेकर हंगामा किया
- जिप चेयरपर्सन पर सरकार के पैसे का दुरुपयोग करने का लगाया आरोप
- जिप चेयरपर्सन ने इनेलो पार्षद को बाहर निकलवाने के लिए कहा, पार्षद बोला कोई हाथ लगाकर तो दिखाए
फोटो-30 से 37
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। जिला परिषद की बैठक में पिछली ग्रांट के खर्च का हिसाब मांगने पर हंगामा मच गया। चेयरपर्सन ने विरोध करने वाले दो पार्षदों को बाहर निकल जाने को कहा। इस बात हंगामा और बढ़ गया। तीन पार्षद मामला भड़कने व अनदेखी करने पर बैठक का बहिष्कार कर बाहर आ गए। जिला परिषद चेयपर्सन ने दो पार्षदों को अगली दो बैठकों के लिए निष्कासित कर दिया। इनेलो पार्षद दयानंद उरलाना व कांग्रेस समर्थित विनय गुप्ता ने जिला परिषद की ग्रांट में मोटा गोलमाल करने का आरोप लगाया। दोनों पार्षदों ने आरोप लगाया कि पहले वाटर कूलर व बैंच लगाने में गड़बड़ी की गई और अब पंखे व वाटर कूलर लगाने में मोटी गड़बड़ी की है। चेयरपर्सन सरकारी पैसे का दुरुपयोग कर रही है।
जिला परिषद की बैठक मंगलवार को लघु सचिवालय स्थित कांफ्रेंस हाल में हुई। बैठक की अध्यक्षता जिला परिषद की चेयरपर्सन आशु शेरा ने की। जिला परिषद की उप चेयरपर्सन पुनिता देवी, जिला परिषद के सीईओ संजय कुमार, कार्यकारी अभियंता कर्मबीर शर्मा ने विकास कार्यों की जानकारी दी और पार्षदों के सवालों के भी जवाब दिए। बैठक शुरू होते ही चर्चा के लिए समय निर्धारित करने पर कई पार्षदों ने नाराजगी जताई। पार्षदों ने कहा कि जिप की बैठक में पूरे जिले के विकास पर चर्चा होनी होती है। इसको लेकर समय निर्धारित करना उचित नहीं है। विपक्ष के इन्हीं सवालों पर सदन का माहौल गर्माने लगा। इसमें जिले में फोगिंग करने की बात उठी। अधिकारियों ने अपनी आधी अधूरी रिपोर्ट भी दी। पार्षदों ने दोबारा फोगिंग कराने का अनुमोदन किया। इसके कुछ ही देर बाद बैठक में आरोप प्रत्यारोप शुरू हो गए। दयानंद उरलाना व विनय गुप्ता ने जिप चेयरपर्सन पर सीधे आरोप जड़ने शुरू कर दिए। जिस पर बैठक का मामला गंभीर हो गया।
चेयरपर्सन ने दयानंद व गुप्ता को बाहर जाने की सलाह दी
चेयरपर्सन आशु शेरा ने पार्षद दयानंद उरलाना व विनय गुप्ता को बाहर जाने के आदेश दिए। दोनों पार्षद चेयरपर्सन की बात सुनकर फिर भड़क गए। बताया जा रहा है कि इसी समय चेयरपर्सन के पास एक पर्ची पहुंची। चेयरपर्सन ने पर्ची पढ़ने के बाद दोनों को बाहर जाने के आदेश दिए। बताया जा रहा है कि दयानंद उरलाना को बाहर निकालने तक की कह दी। दयानंद उरलाना ने जवाब दिया कि किसी में मुझे हाथ लगाने की हिम्मत नहीं है। मैं सदन की गरिमा को समझता हूं और मानता भी हूं। वहीं चेयरपर्सन ने पार्षद विनय गुप्ता के बार-बार कड़े शब्दों को सुनकर कहा कि गुप्ताजी आप कभी मीठे भी बोल लिया करो। आप करेला या नीम खाकर आए हो क्या।
दोनों पार्षदों के साथ तीसरा पार्षद भी बाहर निकल आया
जिला परिषद की बैठक में 17 में से 14 पार्षद शामिल हुए। बैठक में चेयरपर्सन व दो पार्षदों के बीच विवाद बढ़ता चला गया। पार्षद दयानंद उरलाना व विनय गुप्ता ने बैठक का बहिष्कार करने का फैसला लिया और बाहर निकल आए। इन दोनों के साथ वार्ड-13 पार्षद श्यामचंद भी बाहर निकल गए। दोनों पार्षदों ने दो अन्य पार्षदों का भी समर्थन मिलने का दावा किया। इसके बाद चेयरपर्सन आशु शेरा ने दोनों पार्षदों को अगली दो बैठकों के लिए निष्कासित कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग को नोटिस जारी करने के आदेश
जिला परिषद की बैठक में सीजन से पहले फोगिंग न कराए जाने की बात उठी। जिप चेयरपर्सन ने अधिकारियों सेे रिपोर्ट मांगी। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने अपनी लिखित रिपोर्ट में बताया कि उनको दिए गए क्षेत्र में फोगिंग करा दी गई है। जब अधिकारी से क्षेत्र पूछा तो वे अपनी ही दी रिपोर्ट से पीछे हट गए। अधिकारी कहने लगा कि जहां-जहां कही जाएगी फिर से फोगिंग कर दी जाएगी। जिप चेयरपर्सन ने अधिकारी के इस तरह के जवाब पर असंतोष जाहिर किया और उनको नोटिस जारी करने के आदेश दिए। इसके बाद बैठक में जिले में दोबारा फोगिंग कराने तय किया गया।
भाजपा पार्षद ने जिम का सामान मांगा
भाजपा पार्षद देव मलिक ने कहा कि जिम में सामान नहीं है। आंगनबाड़ी वर्करों को पिछले आठ माह से वेतन नहीं मिल पा रहा है। उनको खाना बनाने में परेशानी हो रही है। संबंधित विभाग का इस तरफ कोई ध्यान नहीं है। चेयरपर्सन ने पार्षदों की सहमति से इसके समाधान का आश्वासन दिया।
पंचायती राज संस्थाओं को मिली हैं शक्ति
चेयरपर्सन आशु शेरा ने कहा कि आपसी भाईचारा कायम करने में प्राचीन काल से ही पंचायती राज संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही है और ग्रामीण क्षेत्र का तेजी से विकास करवाने के लिए हरियाणा सरकार ने इन पंचायती राज संस्थाओं को अनेक शक्तियों प्रदान की हैं। इस लिए जिला परिषद के सभी सदस्यों व अधिकारियों को इन योजनाओं के तहत विकास कार्य करवाने के लिए और अधिक सहयोग देना चाहिए ताकि ग्रामीण क्षेत्र भी स्वच्छ, सक्षम व समृद्ध हो सके। जिला परिषद के पास विकास कार्यों के लिए पर्याप्त धनराशि है। इसलिए सभी पार्षद अपने-अपने क्षेत्रों में करवाए जाने वाले विकास कार्यों के प्रस्ताव जिला परिषद कार्यालय में शीघ्र जमा करवाएं ताकि इस हरियाणा स्वर्ण जयंती वर्ष के अंदर जिला के अधिकतर गांवों को स्मार्ट विलेज बनाया जा सकें।
विनय गुप्ता ने जिपा चेयरपर्सन व उनके पति पर साधा निशाना
पार्षद विनय गुप्ता ने बैठक का बहिष्कार करने के बाद चेयरपर्सन आशु शेरा व उनके पति सत्यवान शेरा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वार्डों में विकास कार्यों के नाम पर सरकारी खजाने को लूटा जा रहा है। पार्षद किसी तरह का हिसाब मांगते हैं तो उनको बाहर निकलने की धमकी दी जाती है। जिप चेयरपर्सन आशु शेरा के कार्यकाल में पहले बैंच व वाटर कूलर लगाने में मोटा घोटाला किया गया और अब पंखे व वाटर कूलर लगाने में गड़बड़ी की गई है। जिला परिषद द्वारा इतनी बड़ी संख्या में पंखे बिना टेंडर व कोटेशन के खरीद लिए गए। बिल में पंखों का रेट दोगुना चढ़ाया गया है।
जिला परिषद चेयरपर्सन को नैतिकता के आधार पर अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। पार्षद विनय गुप्ता ने कहा कि चेयरपर्सन आशु शेरा के खिलाफ जल्द ही अविश्वास प्रस्ताव लाने की मांग करेंगे। जिप पार्षद इसको लेकर एकजुट हो रहे हैं।
घोटालों को दबा रही चेयरपर्सन व अधिकारी
इनेलो पार्षद दयानंद उरलाना ने कहा कि सीमेंट बैंच व वाटर कूलर खरीद में भारी गोलमाल किया गया है। डीसी ने उनके आरोपों के आधार पर सीटीएम से जांच कराई थी। अधिकारियों ने जांच रिपोर्ट में बताया कि जिप के पास तीन करोड़ रुपये की ग्रांट प्राप्त की थी। इसको खर्च करने की कोई गाइडलाइन नहीं थी। अधिकारियों ने बताया कि वाटर कूलर व बैंच पर विभाग की स्वीकृति के बिना जिप चेयरपर्सन ने अपना नाम लिखवा दिया। अधिकारियों ने इसमें नियमानुसार कार्रवाई करने की सिफारिश अपनी रिपोर्ट में की थी। अधिकारियों ने एक वाटर कूलर की कीमत 40,500 रुपये बताई और बाकी खर्च मिलाकर इसकी कीमत 71 हजार रुपये होना बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिप चेयरपर्सन अधिकारियों के साथ मिलकर ग्रांट का दुरुपयोग कर रही है। वे इसकी सीबीआई से जांच कराने की मांग करेंगे।
वर्जन
जिला परिषद की बैठक में विकास कार्यों पर चर्चा की जानी थी। पार्षद दयानंद उरलाना व विनय गुप्ता ने सदन की मर्यादा को तोड़ दिया। दोनों पार्षदों को अगली दो बैठकों के लिए निष्कासित कर दिया है। उन पर लगाए सब आरोप निराधार हैं। वे सदन में बहुमत से पास विकास कार्य करवाती हैं।
आशु शेरा, चेयरपर्सन, जिला परिषद, पानीपत।