फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘गिद्धों में चिप लगाने का प्रस्ताव टेलीकॉम मिनिस्ट्री को भेजेंगे दोबारा’

Sun, 03 Jul 2016 12:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
पिंजौर के जटायु सेंटर से छोड़े गए दो गिद्ध - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
पिंजौर के गिद्ध संरक्षण और प्रजनन केंद्र से छोड़े गए दो गिद्धों में से एक के गायब होने के बाद अब एक बार फिर से गिद्धों को चिप लगाने का प्रस्ताव टेलीकॉम मिनिस्ट्री को भेजा जा सकता है। इससे सेटेलाइट के माध्यम से गिद्धों को आसानी से ट्रेस किया जा सकेगा। पंद्रह साल में पहली बार दो गिद्धों को छोड़ने के बाद विभाग इस दिशा में दोबारा कदम उठा सकता है। गौरतलब है कि गिद्धों को चिप लगाने का प्रस्ताव एक एनजीओ के माध्यम से पिछले साल भेजा गया था। इस प्रस्ताव को टेलीकॉम मिनिस्ट्री ने नामंजूर कर दिया था। 
विज्ञापन


हिमालयन गिद्ध नहीं जाते ज्यादा ऊपर
वन विभाग ने हाल में पिंजौर के गिद्ध संरक्षण और प्रजनन केंद्र से जिन दो गिद्धों को छोड़ा वह हिमालयन गिद्ध थे। इनके बारे में विभागीय अधिकारियों का कहना है कि वह ज्यादा ऊपर नहीं जाते हैं। इसीलिए छोड़े गए गिद्धों को ट्रेस करने के लिए बायोलाजिस्ट की टीम को लगाने की बात की गई थी। गिद्धों को पहचाना जा सके इसके लिए उनके ऊपर टैग लगाए गए हैं और रिंग भी पहनाई गई है। जिससे यह दूर से ही नजर आ जाएंगे। इसके बावजूद एक गिद्ध को टीम ट्रेस नहीं कर पा रही है। 

कोट्स
गिद्धों कोे ट्रेस करने के लिए माइक्रो चिप एक अच्छी तकनीक है। इससे सेटेलाइट के माध्यम से गिद्धों को ट्रेस किया जा सकता है। वैसे, जिन गिद्धों को छोड़ा गया है वह हिमालयन प्रजाति के हैं और ज्यादा उड़ान नहीं भरते हैं। इसलिए उनको ट्रेस करना आसान है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

अमरेंद्र कौर, चीफ कंजर्वेटर हरियाणा
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें