अधिकारियों की जांच में फायर और पब्लिक हेल्थ से संबंधित मानकों पर खरा नहीं उतरा भवन माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में निर्माणाधीन 11 मंजिला मदर चाइल्ड केयर भवन मानकों पर सुरक्षित नहीं है। इस कारण इसका काम रुक गया है। अब पीडब्ल्यूडी द्वारा जुलाई माह तक भवन निर्माण का काम पूरा नहीं किया जा सकेगा। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की जांच में भवन सुरक्षा मानकों पर खरा नहीं उतरा है। इसमें फायर विभाग, पब्लिक हेल्थ के मानक प्रमुख हैं। इस कारण इस भवन का 20 करोड़ का बजट रोक दिया गया है।
अब इस तरह के हालात में लोगों को समय पर सभी सुविधाएं नहीं मिल पाएंगी। मदर केयर चाइल्ड बिल्डिंग का काम जुलाई में पूरा किया जाना था। इसकी सुविधा अगस्त से लोगों को मिलनी थी। भवन में विभागों के साथ काम नहीं करने की बात भी सामने आने पर इसका काम रोका गया है। इसमें संबंधित विभाग से परमिशन नहीं लेने और मानकों का उल्लंघन की बात सामने आई है। इसी कारण इसका काम तीन माह से बंद पड़ा है।
मदर केयर चाइल्ड अस्पताल को 113 करोड़ की लागत से बनने के लिए सरकार की ओर से दो साल का समय तय किया गया था। इसका काम जुलाई में पूरा होना था। बजट नहीं पास होने के कारण तीन महीने से इस बिल्डिंग का काम बंद है। इस काम को पूरा करने के लिए पीडब्ल्यूडी विभाग को सरकार की ओर से बजट की मंजूरी नहीं मिली है। इस वजह से इसका काम बीच अधर में लटका हुआ है।
अस्पताल में यह सुविधा मिलनी है
मदर केयर चाइल्ड अस्पताल की 113 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन भवन समय पर नहीं बनने से महिलाओं और बच्चों को सभी सुविधाएं मिलने में देरी होगी। इसमें पूरा भवन एयर कंडीशन होगा। इस अस्पताल में जच्चा-बच्चा केंद्र की पूरी सुविधाएं उपलब्ध होंगी और हर तरह का टेस्ट किया जाएगा। इतना ही नहीं यहां किसी भी तरह की कोई भी बीमारी से निपटने के लिए हर वक्त डॉक्टर मौजूद रहेंगे। यह सभी सुविधाओं के लिए मरीजों को इंतजार करना पड़ेगा।
अस्पताल की बिल्डिंग की जांच की गई है। इसमें कई प्रकार की वायलेशन मिली है। इस कारण इसका काम बंद हुआ है। जब तक इसकी वायलेशन पीडब्ल्यूडी दूर नहीं करेगा तब तक इसका काम शुरू नहीं किया जाएगा। -सोनिया त्रिखा खुल्लर, महानिदेशक, हरियाणा स्वास्थ्य विभाग
हमने सरकार को बजट मंजूर करने के लिए भेजा है। जैसे ही सरकार की तरफ से पीडब्ल्यूडी की पैसे मिलेंगें। हम इस काम को दोबारा शुरू कर देंगे। - गौरव जैन, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी