दिल्ली से आई टीम ने अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने का काम शुरू किया तो ग्रामीणों ने लो वोल्टेज और खेतों में पोल लगाने पर जताई आपत्ति
मोरनी-रायपुर रानी मार्ग पर स्कूल बसों, रोडवेज समेत दर्जनों वाहन फंसे उपायुक्त को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे ग्रामीण
संवाद न्यूज एजेंसी
मोरनी। पलसरा गांव में अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने पहुंची विजन इंडिया, नई दिल्ली की टीम के काम को लेकर ग्रामीणों और बिजली निगम के बीच विवाद हो गया। ग्रामीणों ने गांव में लो वोल्टेज की समस्या और खेतों में बिजली के पोल लगाने पर आपत्ति जताई। इसी बीच उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम की शिकायत पर सरपंच परमजीत सिंह समेत पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई तो ग्रामीणों ने वीरवार सुबह मोरनी-रायपुर रानी मार्ग जाम कर दिया। करीब आठ घंटे बाद नायब तहसीलदार के समझाने पर जाम खुला।
अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने पहुंची थी टीम
निगम के एसडीओ प्रदीप बलोदी की शिकायत के अनुसार, 22 सितंबर को विजन इंडिया, नई दिल्ली की टीम ने पलसरा गांव में स्वीकृत कार्य के तहत अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने का काम शुरू किया था। शिकायत में आरोप लगाया गया कि राइट ऑफ वे को लेकर सरपंच और ग्रामीणों ने काम में बाधा डालने का प्रयास किया। अधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार और धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है। निगम के अनुसार संबंधित कार्य यूएचबीवीएन से मंजूर है। इस संबंध में शिकायत पहले से जिला प्रशासन के समाधान शिविर में भी लंबित है। निगम की शिकायत पर चंडीमंदिर थाने में सरपंच परमजीत सिंह समेत पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने बीएनएस की धारा 126(2), 351(2), 191(2) और 221 के तहत मुकदमा नंबर 322 दर्ज किया है। मामले की जांच मोरनी पुलिस चौकी प्रभारी को सौंपी गई है।
सुबह सात बजे लगाया जाम
एफआईआर के बाद सरपंच परमजीत सिंह की अगुवाई में ग्रामीणों ने पलसरा गांव के पास सुबह करीब सात बजे मोरनी-रायपुर रानी मार्ग जाम कर दिया। ग्रामीणों ने उपायुक्त को मौके पर बुलाने की मांग की और अधिकारियों के पहुंचने तक रास्ता खोलने से इनकार कर दिया। मोरनी पुलिस चौकी की टीम ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांग पर अड़े रहे।
आठ घंटे फंसे रहे वाहन
जाम के कारण सुबह सात बजे से दोपहर करीब तीन बजे तक मार्ग पर यातायात प्रभावित रहा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्कूल बसों, हरियाणा रोडवेज की बसों समेत दर्जनों वाहन फंसे रहे। बाइक सवारों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
ग्रामीणों ने बताई अपनी आपत्ति
सरपंच परमजीत सिंह ने कहा कि गांव में लंबे समय से लो वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। इसके अलावा ग्रामीणों के खेतों में बिजली के पोल लगाए जाने को लेकर भी आपत्ति है। ग्रामीण चाहते हैं कि पहले लो वोल्टेज की समस्या का समाधान किया जाए और पोल लगाने के मामले में उनकी आपत्तियां सुनी जाएं। इसी मांग को लेकर प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग की गई थी।
नायब तहसीलदार के आश्वासन पर खुला रास्ता
बाद में नायब तहसीलदार मोरनी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। अधिकारियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने जाम खोल दिया। इसके बाद करीब आठ घंटे से बाधित यातायात सामान्य हो सका।