पंजाबी अध्यापकों को 20 अप्रैल तक ऑनलाइन स्कूल का नाम भरने के आदेश दिए
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। पंजाबी अध्यापक भाषा प्रचार प्रसार सोसाइटी के राज्य महासचिव सुनील गोयल ने एक कार्यशाला के दौरान बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से पंजाबी प्रवक्ता के पद पर पदोन्नत हुए पंजाबी अध्यापकों को 20 अप्रैल तक आनलाइन स्कूल का नाम भरने के आदेश दिए हैं। इन अध्यापकों के लिए स्टेशन चॉइस के लिए जो विद्यालय खोले हैं, उनमें करनाल व पानीपत जिले का एक भी विद्यालय नहीं है। कुरुक्षेत्र व जींद का केवल एक-एक और अंबाला के केवल चार ही विद्यालय हैं। जबकि करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला, पानीपत, जींद में पंजाबी भाषा जानने वाले लोग रहते हैं। इन जिलों के विद्यालयों में बच्चे बड़ी संख्या में पंजाबी पढ़ने के इच्छुक हैं।
उन्होंने बताया कि उनके संगठन ने सरकार को मेल भेजी है। इसके अलावा मांग पत्र सहित उपरोक्त प्रस्ताव की प्रतियां शिक्षा निदेशालय में जमा भी करवा चुके हैं कि उनके विद्यालयों में बच्चे पंजाबी पढ़ने के इच्छुक हैं। पदोन्नति सूची में जिला अंबाला के 22, कुरुक्षेत्र के 18 व जिला करनाल के 7 पंजाबी अध्यापक पदोन्नत हुए हैं। इन अध्यापकों को पहले ही पदोन्नति के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा है। अब इनको दूर-दराज के स्कूल भरने के लिए विवश होना पड़ रहा है। जबकि इनके अपने जिलों में कई विद्यालयों में पंजाबी प्रवक्ताओं की आवश्यकता है।
हरियाणा में सत्र 2025-26 से त्रिभाषा सूत्र लागू हो चुका है। ऐसे में पंजाबी शिक्षकों की अधिक आवश्यकता रहेगी। उन्होंने कहा कि उनके संगठन ने शिक्षा विभाग के महानिदेशक को पत्र भेजकर व विद्यालयों की सूची साथ संलग्न कर मांग की है कि उपरोक्त जिलों के सभी विद्यालयों में पंजाबी प्रवक्ता के पद खोले जाएं और पदोन्नत पंजाबी अध्यापकों के द्वारा स्कूल भरवाए जाएं।