पंचकूला। हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम घोष ने सोमवार को राजकीय मॉडल संस्कृति प्राइमरी स्कूल हरिपुर सेक्टर-4 का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान लड़कों और लड़कियों के शौचालयों में इतनी बदबू थी कि राज्यपाल को रूमाल से मुंह ढकना पड़ा। जांच में शौचालयों में पानी की व्यवस्था नहीं मिली और दरवाजे टूटे हुए पाए गए। इस पर राज्यपाल ने कड़ी नाराजगी जताते हुए स्कूल के टॉयलेट, कक्षाओं और हॉल की स्थिति तुरंत सुधारने के निर्देश दिए। उन्होंने उपायुक्त को निर्देश दिए कि स्कूलों के शाैचालयों की सफाई सहित सभी जगह व्यवस्थाएं दुरुस्त कराई जाएं।
निरीक्षण के दौरान राज्यपाल ने बच्चों द्वारा किए गए कार्यों को स्वयं देखा और अध्यापकों के व्यवहार के बारे में बच्चों से विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने राजकीय मॉडल संस्कृति प्राइमरी स्कूल रामगढ़ का भी दाैरा किया और दोनों स्कूलों के लिए दो-दो लाख रुपये देने की घोषणा की। राज्यपाल ने कहा कि एक लाख से दोनों स्कूलों की कक्षाओं के साैदर्यीकरण के लिए एक-एक लाख खर्च किए जाएं। 50-50 हजार रुपये दोनों स्कूलों के शाैचालय दुरुस्त किए जाएं। इसके अलावा पेयजल के लिए 50-50 हजार रुपये से वाटर कूलर व आरओ की व्यवस्था की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि इन कार्यों की अभिभावक निगरानी कर पत्राचार के माध्यम से उन्हें फीडबैक दे सकते हैं।
सीढ़ी नहीं, जुगाड़ से छत पर चढ़ता है स्टाफ
इसके बाद राज्यपाल प्रो. असीम घोष ने राजकीय मॉडल संस्कृति प्राइमरी स्कूल रामगढ़ का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्कूल स्टाफ से छत पर जाने के लिए सीढ़ी के बारे में पूछा। स्टाफ ने बताया कि स्कूल में सीढ़ी उपलब्ध नहीं है और जुगाड़ के सहारे ही छत पर चढ़ा जाता है। बाद में स्टाफ सीढ़ी लेकर आया, जिस पर कमांडो ने छत पर चढ़कर स्थिति का जायजा लिया। जांच में छत पर सीलिंग नहीं पाई गई हालांकि ढलान को ठीक बताया गया।
छात्राओं के शाैचालय की बदहाली देख जताई कड़ी नाराजगी
इसके बाद राज्यपाल ने रामगढ़ के स्कूल के शौचालयों का निरीक्षण किया जहां गंदगी और टूट-फूट मिली। गवर्नर ने स्कूल स्टाफ से पूछा कि यह स्कूल शाैचालय लड़कों का है या लड़कियों का। स्टाफ ने लड़कियों का बताया तो गवर्नर ने कड़ी नाराजगी जताई और शौचालय साफ-सुथरा रखने व छात्राओं की विशेष देखभाल के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी टॉयलेट सही तरीके से बनाए जाएं और दरवाजों की मरम्मत कराई जाए। राज्यपाल ने स्कूल के बाहर बच्चों की सुरक्षा के लिए तालाब की बाउंड्री वाॅल जल्द बनाने के निर्देश दिए। राज्यपाल ने जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि मिड-डे-मील, पेयजल, शौचालय और छत की मरम्मत तुरंत करवाई जाए, ताकि बच्चों को सुरक्षित वातावरण में पौष्टिक भोजन और बेहतर सुविधाएं मिल सकें। दौरे के दौरान उपायुक्त सतपाल शर्मा, एसडीएम चंद्रकांत कटारिया, जिला शिक्षा अधिकारी संध्या मलिक, डीईईओ सुमन कुमारी, स्कूल प्रिंसिपल, हेड टीचर, अध्यापकगण व अभिभावक मौजूद रहे।
कोट:
दोनों स्कूलों का दौरा राज्यपाल ने निरीक्षण किया है। स्कूलों की हालत सुधारने के लिए शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। सभी विभागों के साथ मिलकर स्कूलों की व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा।
-सतपाल शर्मा, डीसी, पंचकूला