चंडीगढ़। हरियाणा सरकार स्कूलों के आय-व्यय का सोशल ऑडिट कराने जा रही है। वर्ष 2020-21 में सभी स्रोतों से प्राप्त आय और व्यय का पूरा ब्योरा स्कूल मुखिया, एसएमसी प्रधान व शिक्षक 17 से 19 जुलाई तक तैयार करेंगे। 25 जुलाई को इसे एसएमसी (स्कूल प्रबंधन समिति) के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
मौलिक शिक्षा निदेशक ने सभी डीईओ, डीईईओ, जिला परियोजना समन्वयक, खंड शिक्षा अधिकारियों, स्कूल मुखिया व प्रभारियों को इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं। सोशल ऑडिट से स्कूलों के आय-व्यय की पूरी पोल खुलना तय है। सोशल ऑडिट में यह बताना होगा कि कुल कितनी राशि प्राप्त हुई, किस कार्य के लिए मिली। राशि कब आई, किस विभाग ने भेजी, राशि के खर्च की स्थिति और यदि बकाया है तो क्या कारण है।
स्कूलों में 25 जुलाई से पहले शैक्षणिक सत्र 2021-22 के लिए एसएमसी का पुनर्गठन किया जाएगा, इनमें पचास फीसदी महिलाओं को शामिल करना अनिवार्य है। बीते वर्षों में ध्वजारोहण करने वाली सबसे पढ़ी-लिखी बेटियों को मनोनीत सदस्य के रूप में आमंत्रित किया जाएगा। इसके सदस्यों में 75 फीसदी विद्यार्थियों के अभिभावक या संरक्षक होंगे। जिन बच्चों ने इसी साल स्कूलों में दाखिला लिया है और जो फीस के दायरे में आते हैं, उनके अभिभावकों को एसएमसी में शामिल करना जरूरी है। चूंकि, फीस से प्राप्त राशि को मॉडल संस्कृति स्कूलों के विकास व विद्यार्थियों के कल्याण पर ही खर्च किया जाना है।
25 जुलाई को होगी सत्र की पहली बैठक
एसएमसी की इस सत्र की पहली बैठक 25 जुलाई को कोविड मानकों के तहत स्कूलों में होगी। तय संख्या से अधिक सदस्यों को बैठक में नहीं बुलाया जा सकेगा। एसएमसी के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष अभिभावकों व संरक्षकों में से ही चुने जाएंगे। एक से तीन सौ बच्चों वाले स्कूलों में 12, 500 बच्चों वाले स्कूल में 16, 700 बच्चों वाले स्कूलों में 20 सदस्य हाेंगे। इससे अधिक विद्यार्थी होने पर हर सौ बच्चों पर एक अतिरिक्त सदस्य मनोनीत किया जाएगा। समिति महीने में एक बैठक कर पूरा लेखा-जोखा अभिभावकाें को उपलब्ध कराएगी। 25 जुलाई के कार्यक्रम के लिए डीईओ, डीईईओ, प्रधानाचार्य डाइट सभी खंडों को दो भागों में बांटकर निरीक्षण करेंगे। शाम छह बजे निरीक्षण की सूचना शिक्षा निदेशालय को भेजनी होगी।
सोशल ऑडिट के लिए प्रारूप
-आम वार्षिक सभा बैठक, एसएमसी स्थापना दिवस पर आय-व्यय के सोशल ऑडिट, मिड-डे मील व मुख्यमंत्री दूरवर्ती शिक्षा कार्यक्रम पर चर्चा
-खर्च का ब्योरा दस्तावेज सहित जनता के अवलोकन के लिए प्रस्तुत करना
-नए सदस्यों की शपथ व पद विभाजन
-नए शैक्षिक वर्ष केलिए स्कूल विकास योजना, वार्षिक योजना पर सभा की आम सहमति
-स्कूल नहीं आ रहे सौ फीसदी बच्चों का नामांकन