पंचकूला। जिले में सोमवार शाम को हुई तेज बारिश ने नगर निगम की सफाई व्यवस्था की पोल खोल दी। भारी बारिश से जहां सड़कें जलमग्न हो गईं, वहीं सीवर भी ओवरफ्लो गए। रोड गलियां जाम होने से शहर की सड़कों पर कई फुट तक पानी जमा हो गया। बारिश के दौरान कई जगह सड़कों पर पानी का बहाव तेज था। लोगों का कहना है कि मानसून गर्मी से निजात दिलाता है, लेकिन आसमान में बादलों को देखते ही पंचकूला के लोगों को पसीना आने लगता है।
सोमवार को हुई बारिश से वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। छोटे वाहन पानी में बंद हो गए। चालक वाहनों को घसीटकर ले जा रहे थे। रोड गलियां जमा होने से सेक्टरों के अंदर और सड़कों पर कई फुट तक पानी जमा हो। हालांकि नगर निगम के अधिकारी दावा करते हैं कि शहरवासियों को जलभराव की समस्या का सामना न करना पड़े इसके लिए करोड़ों रुपये खर्च करके रोड गलियों की सफाई करवाई गई है। लेकिन, स्थानीय लोग निगम के दावों को झूठा करार दे रहे हैं। उनका कहना है कि यदि रोड गलियों की सफाई हुई होती तो सड़कें जलमग्न नहीं होतीं।
सोमवार को करीब डेढ़ घंटे हुई बारिश से लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया। तेज हवा चलने के कारण बिजली आपूर्ति भी बाधित हो गई, जिसके चलते लोगों को गर्मी और उमस का भी सामना करना पड़ा। लेकिन जैसे ही हवा की गति धीमी हुई बिजली निगम ने आपूर्ति बहाल कर दी। इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं, बारिश के चलते सेक्टर-7, सेक्टर-8, सेक्टर-9, सेक्टर-10, सेक्टर-11, सेक्टर-12, सेक्टर-14, सेक्टर-15, सेक्टर-16, सेक्टर-17, सेक्टर-18, सेक्टर-19, सेक्टर-20, औद्योगिक क्षेत्र-1, औद्योगिक क्षेत्र फेज-2, महेशपुर, राजीव-इंदिरा कॉलोनी के लोगों को जलभराव का सामना करना पड़ा। यहां के कई घरों में पानी भरने से लोग परेशान थे।