पंचकूला। हरियाणा विधानसभा स्पीकर ने शुक्रवार को सेक्टर-2 स्थित चौक पर अशोक चक्र विजेता शहीद मेजर संदीप सांखला की प्रतिमा का अनावरण किया। उन्होंने घोषणा की कि इस चौक को शहीद मेजर संदीप सांखला के नाम से जाना जाएगा। इस दौरान विस स्पीकर ज्ञानचंद गुप्ता ने नगर निगम के अधिकारियों को सभी औपचारिकता पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुष्पचक्र अर्पित कर शहीद को श्रद्धांजलि भी दी। आयोजित कार्यक्रम में शहीद के पिता कर्नल जेएस कंवर, माता मंजू कंवर, उपायुक्त मुकेश कुमार आहूजा, पुलिस आयुक्त मोहित हांडा सहित कई अधिकारियों ने उनको पुष्पांजलि देकर नमन किया।
विधानसभा स्पीकर ने कहा कि अब तक इस चौक पर केवल पार्क का निर्माण किया गया था, लेकिन अब इस पार्क में अशोक चक्र प्राप्त शहीद मेजर संदीप सांखला की प्रतिमा स्थापित की गई है। उन्होंने शहीद की प्रतिमा के चारों तरफ ग्रिल, स्टेनलैस स्टील, बागवानी आदि का कार्य के भी निर्देश दिए। इस पर करीब 6-7 लाख रुपये की राशि व्यय होगी। अब इस पार्क में प्रतिमा, फुटपाथ, झोपड़ी, बागवानी आदि के कार्य पर लगभग 14 लाख रुपये की राशि खर्च की गई। उन्होंने कहा कि सरकार ने शहीदों को पूरा मान सम्मान दिया है। इसके अलावा उनके आश्रितों के लिए भी कई जनकल्याणकारी योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ देकर उन्हें सम्मानित किया जा रहा है।
जम्मू कश्मीर में शहीद हुए थे संदीप सांखला
गुप्ता ने कहा कि शहीद मेजर संदीप सांखला का जन्म 30 जनवरी 1964 को हुआ। उच्च शिक्षा प्राप्त कर उन्हें 14 जून 1986 को कमीशन में स्थान मिला। वे 18 डोगरा रेजिमेंट में कार्यरत रहे। लगभग पांच साल की सेवा के दौरान 8 अगस्त 1991 को जम्मू कश्मीर के जफर खान गांव में आतंकवादियों से लोहा लेते वीरगति को प्राप्त हुए। मेजर संदीप ने उस दौरान नौ आतंकवादियों को मार गिराया और देश के लिए शहादत दी। उनकी इस शहादत को कभी भुलाया नही जा सकता। इसलिए राष्ट्रपति की तरफ से उन्हें मरणोपरांत 26 जनवरी 1992 को अशोक चक्र से सम्मानित किया गया। इस मौके पर निगम आयुक्त महाबीर कौशिक, ब्रिगेडियर किरण कृष्ण जयसवाल, प्रोफेसर पीएस सांगा, कर्नल सबलोक, प्रोफेसर कासंरा, कर्नल रमेश कंवर, कर्नल बबरवाल, नगर निगम के संयुक्त कमिश्नर संयम गर्ग, कार्यकारी अधिकारी नगर निगम जरनैल सिंह, नायब तहसीलदार ईश्वर सिंह, भाजपा के जिला अध्यक्ष दीपक शर्मा, महामंत्री हरेंद्र मलिक, मीडिया प्रभारी नवीन गर्ग मौजूद थे।