पंचकूला। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड भिवानी की 10वीं की परीक्षा में पंचकूला के विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन किया। जिले के 65.16 प्रतिशत विद्यार्थियों ने परीक्षा पास की। जिले में दूसरा स्थान सार्थक सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-12 की छात्रा मनीषा ने प्राप्त किया है। उन्होंने 97.6 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। उन्होंने 500 में से 488 अंक हासिल किए हैं। तीसरा स्थान हासिल करने वाली छात्रा गवर्नमेंट गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल बरवाला की शुभा हैं। शुभा ने 486 अंक हासिल कर जिले में तीसरा स्थान हासिल किया है।
चार्र्टर्ड अकाउंटेंट बनना चाहती है मनीषा
सार्थक सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-12 की छात्रा मनीषा राजपूत ने बताया कि वह चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना चाहती है। उसने कहा कि वह छह घंटे की पढ़ाई करती थी। पढ़ाई के अलावा उसका पसंदीदा खेल जूडो है। उसने जिला लेवल में जूडो प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक भी जीता है। उसने बताया कि किसी भी टॉपिक को सही जानकारी से पढ़ने के बाद कंसेप्ट क्लियर हो जाता है। इस तरह के अंक अर्जित कर बहुत खुशी हो रही है। मनीषा राजपूत के पिता का नाम चंद्रपाल है। वह सेल्समैन का काम करते हैं। उनकी मां का नाम सुमन है। वह टेलर हैं।
आईएएस बनकर सभी को बराबरी का हक दिलाना है मेरा लक्ष्य
पंचकूला के गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल बरवाला की छात्रा शुभा आईएएस बनकर सभी को बराबरी का हक दिलाना चाहती हैं। शुभा ने कहा कि पांच घंटे की पढ़ाई के बाद यह मुकाम हासिल किया है। उसके पिता का नाम रविकेश है। वह प्राइवेट जॉब करते हैं। उसकी मां सुधांशु हाउस वाइफ हैं। वह आईएएस बनना चाहती हैं। उनके परिजन जिले में तीसरा स्थान हासिल करने पर खुश हैं। उसने बताया कि लॉकडाउन के दौरान उसमें जो कमियां थीं। उसने अपनी कमियों को दूर करने का प्रयास किया है ताकि वह और मेहनत कर अपनी स्टडी पर फोकस कर सके। उसे कैरमबोर्ड खेलना बहुत पसंद है। देश के इतिहास की जानकारी हासिल में भी उसकी रुचि है। उसका कहना है कि वह अफसर बनकर गांव के बच्चों को आने वाली समस्या को दूर करना चाहती है। वह चाहती है कि सभी लोग आर्थिक रूप से एक सामान हों।
इस बार पंचकूला से दसवीं की 4762 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। इसमें 3103 विद्यार्थियों ने शानदार अंक हासिल किए हैं। इसके अलावा 429 स्टूडेंट्स की कंपार्टमेंट आई है। वहीं 1230 विद्यार्थी दसवीं में एग्जाम पास नहीं कर पाए हैं। पिछली बार 45 प्रतिशत विद्यार्थी सफल हुए थे। इस बार का परीक्षा परिणाम बेहतर हैं। - उर्मिल रोहिला, जिला शिक्षा अधिकारी, पंचकूला