पंचकूला। नगर निगम सेक्टर-14 के बाहर डोर टू डोर कूड़ा एकत्रित करने वाले गारबेज कलेक्टरों ने शुक्रवार को अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। नगर निगम के कार्यालय के बाहर गारबेज कलेक्टरों कूड़ा फेंक कर विरोध जताया। इस दौरान भारी पुलिस बल भी तैनात रही। अपनी मांगों को लेकर नगर निगम के अधिकारी और मेयर के खिलाफ नारेबाजी की।
डोर-टू-डोर गारबेज कलेक्शन का जिम्मा पंचकूला नगर निगम की तरफ से अपने हाथों में लेने और निजी संस्थान को ठेका देने के विरोध में डोर-टू-डोर गारबेज कलेक्टरों ने प्रदर्शन किया। डोर टू डोर गारबेज कलेक्शन पंचकूला वेलफेयर सोसायटी के सभी शीर्ष सदस्यों की एक बैठक बुलाई गई थी। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि नगर निगम के कमिश्नर और मेयर को कई बार मांग पत्र दे चुके हैं। नगर निगम के अधिकारी तानाशाही रवैया अपनाए हुए हैं। वह गरीब मजदूरों की तकलीफों को सुनना नहीं चाहते हैं।
गारबेज कलेक्टरों ने कोविड-19 महामारी में अपनी जान की परवाह नहीं कर उस समय घर-घर से कूड़ा उठाकर लोगों को महामारी से बचाए रखने में अहम भूमिका निभाई। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि ठेकेदारी प्रथा से हमारे गरीब मजदूरों पर ही भार पड़ेगा। शहरवासियों को भी मनमाने रेट ठेकेदारी के तहत देने होंगे। इसलिए पंचकूला रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन से भी अनुरोध करते हैं कि वे भी गरीब मजदूरों का साथ दें। उन्होंने बताया कि पंचकूला के मेयर पूंजीपतियों के इशारों पर इस काम को ठेकेदारी में लाना चाहते हैं। इससे शहर के 1000 गारबेज कलेक्टर मजदूर बेरोजगार हो जाएंगे। इस प्रदर्शन में महासचिव महेंद्र सिंह, उप चेयरमैन अमित कुमार, प्रधान मंजू कंडेला, उपप्रधान दीपू, जसबीर बिडलान आदि शामिल रहे।