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प्रांजल ने कोच को थमाया पदक, बोली-अब वर्ल्ड चैंपियनशिप की बारी

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प्रांजल का स्वागत करने के बाद फोटो खिंचवाते बच्चे। - फोटो : PKL OFFICE
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पंचकूला। एशियन गेम्स की स्वर्ण पदक विजेता प्रांजल का पंचकूला सेक्टर 3 के ताऊ देवी स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में शुक्रवार शानदार स्वागत किया गया। इस दौरान बॉक्सिंग कोच वीरेंद्र डांगी के हाथों मेें पदक थमाते हुए प्रांजल ने कहा कि अब वर्ल्ड चैंपियनशिप की बारी है। इसके बाद ओलंपिक का रास्ता अपने आप खुल जाएगा। इस दौरान हरियाणा के खेल निदेशक ने भी प्रांजल को शाबाशी दी। प्रांजल के पिता संदीप कुमार और मां सुदेश भी मौजूद थी। बेटी की इस जीत से दोनों काफी खुश थे। प्रांजल के पिता संदीप कुमार सीआईडी में एएसआई के पद पर तैनात हैं। वहीं मां सुदेश गृहिणी हैं। बता दें कि 17 से 31 अगस्त तक दुबई में आयोजित एशियन यूथ एवं जूनियर बॉक्सिंग चैंपियनशिप में अंडर 17 कैटेगरी के 70 से 75 किलो भार वर्ग में प्रांजल ने 4-1 से स्वर्ण पदक जीता है। प्रांजल पंचकूला सेक्टर 21 के पुलिस लाइन में रहती हैं।
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2017 से नेशनल से लगातार पदक
पंचकूला निवासी प्रांजल स्कूल नेशनल और नेशनल चैंपियनशिप में 2017 से लगातार स्वर्ण पदक जीतकर नेशनल चैंपियन बनती आई है। इसके अलावा वह खेलो इंडिया में दो बार रजत और एक बार कांस्य पदक जीत चुकी है। अब तक हरियाणा सरकार प्रांजल को इन खेलों के आधार पर पांच लाख रुपये नकद दे चुकी है। अब अगला लक्ष्य प्रांजल का वर्ल्ड चैंपियनशिप है, जिसकी तैयारी अब वीरेंद्र डांगी उसे कराएंगे। कोच वीरेंद्र ने बताया कि इस बच्ची में बॉक्सिंग के प्रति इतना जुनून है कि सुबह पांच बजे ही रिंग में अभ्यास करने पहुंच जाती है।
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