पंचकूला। शहर की कॉलोनियां नशा कारोबारियों का गढ़ बनती जा रही हैं। लेकिन, पुलिस और प्रशासन नशा कारोबार पर प्रतिबंध लगाने में नाकाम साबित हो रही है। कॉलोनियों में नशे का कारोबार अधिक होने के कारण अपराध का ग्राफ भी दिन प्रतिदिन बढ़ रहा है। नशे की पूर्ति के लिए नशेड़ी लूटपाट, छीना झपटी, मारपीट, चोरी और हत्या जैसे संगीन वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि पुलिस सब कुछ जानकर भी ठोस कार्रवाई क्यों नहीं कर रही है, जबकि नशा कारोबारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर कई बार शिकायत भी दी जा चुकी है। इतना ही नहीं शिकायत देने पर एक पार्षद पर जानलेवा हमला भी हो चुका है।
शहर की राजीव कॉलोनी, इंदिरा कॉलोनी, बुढ़नपुर, खड़क मंगोली, अभयपुर, सेक्टर-19 आशियाना, सेक्टर-20 आशियाना, सेक्टर-26 आशियाना और सेक्टर-28 में सबसे ज्यादा नशे का कारोबार चल रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस अधिकारियों को सब कुछ पता है, लेकिन वह कार्रवाई नहीं कर है। वार्ड नंबर-7 राजीव कॉलोनी में पार्षद के बोर्ड के पास ही एक व्यक्ति अवैध रूप से शराब की बिक्री करता है। इतना ही नहीं वह शराब की पेटियां सरेआम लेकर आता है और लोगों के सामने ही गाड़ी से उतार कर ठिकाने पर पहुंचाता है। यह अवैध धंधा सेक्टर-16 पुलिस चौकी से 100 कदम की दूरी पर होता है। कालोनी के साथ ही चौक में सीसीटीवी कैमरे भी लगे हैं। यदि पुलिस चाहे तो कैमरे की फुटेज चेक करके आरोपी को सलाखों के पीछे पहुंचा सकती है, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है।
राजीव कॉलोनी, इंदिरा कॉलोनी और बुढ़नपुर में नशे के कारोबार को रोकने के लिए वार्ड नंबर-7 की पार्षद ऊषा रानी विधानसभा स्पीकर ज्ञानचंद गुप्ता, डीजीपी मनोज यादव, पुलिस आयुक्त सौरभ सिंह, पुलिस उपायुक्त मोहित हांडा से कई बार कर शिकायत कर चुकी हैं। वह शिकायत देकर कालोनी को नशा मुक्त करने की मांग गुहार लगा रही हैं, लेकिन आश्वासन के सिवाय किसी भी विकास के अधिकारी ने आजतक कुछ नहीं किया। पार्षद ऊषा रानी ने बताया कि पार्षद पंकज ने भी नशे के खिलाफ शिकायत की थी। इसके बाद कुछ लोगों ने उन पर जानलेवा हमला भी कर दिया था। उन्होंने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने नशा कारोबारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।