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13 माह में मिलेगा 250 बेड का राष्ट्रीय आयुर्वेद, योग व प्राकृतिक चिकित्सा संस्थान, 40 फीसदी काम पूरा

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पंचकूला। प्राकृतिक चिकित्सा को बढ़ावा देने के लिए पंचकूला में अंतरराष्ट्रीय स्तर का योग और प्राकृतिक चिकित्सा संस्थान तैयार किया जा रहा है। इसका काम महज 13 माह में पूरा हो जाएगा। माता मनसा देवी क्षेत्र 20 एकड़ भूमि में 240 करोड़ रुपये की लागत से 13 भवनों का निर्माण किया जाएगा। इसमें 250 बेड का एक अस्पताल, एक कॉलेज भवन, एक सभागार, पांच गृह भवन, बेसमेंट शामिल हैं। इनमें 5 में 3 गृह भवन और एक कॉलेज की बिल्डिंग 15 फीसदी काम पूरा हो चुका है।
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यह जानकारी दीपक बिल्डर्स कंपनी के प्रोजेक्ट हेड आरपी सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि कंपनी को अप्रैल 2022 में उन्हें काम की ज्वॉनिंग अप्रूवल मिली थी। प्रोजेक्ट का काम दिसंबर 2023 तक पूरा कर लिया जाएगा। बता दें कि माता मनसा देवी श्राइन बोर्ड, पंचकूला की 19.87 एकड़ भूमि आयुष मंत्रालय को 27 अप्रैल 2017 को पट्टे पर दी गई थी, लेकिन उस समय कुछ खसरा नंबर रह गए थे। उन्हें 13 जनवरी 2022 को हस्तांतरित कर दिया गया था।
संस्था में लाभ और सुविधाएं क्या मिलेंगी
- इस संस्थान में 100 आयुर्वेद और 150 प्राकृतिक चिकित्सा के बेड होंगे।
- यह संस्थान एम्स दिल्ली की तरह केंद्र सरकार के स्वामित्व वाली संस्था होगी।
- यहां यूजी, पीजी और पीएचडी की डिग्री के लिए हर वर्ष 500 छात्रों को शिक्षा दी जाएगी।
- इसमें अस्पताल और कॉलेज भवन, स्नातक, स्नातकोत्तर और अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए छात्रावास, आवासीय भवन होंगे।
- इसमें अतिथि गृह, निदेशक गृह भवन, सभागार और अस्पताल भवन के नीचे वाणिज्यिक परिसर और बेसमेंट की सुविधा मिलेगी।
अभी पंचकर्मा के मरीजों को दाखिल करने की सुविधा नहीं
अभी पंचकर्मा के लिए आने वाले मरीजों को दाखिल करने की सुविधा नहीं है, जिसकी वजह से उन्हें होटलों और सेक्टरों में बने प्राइवेट गेस्ट हाउसों में रुकना पड़ता है। पंचकर्मा के लिए हरियाणा ही नहीं पंजाब के अलग अलग शहरों से भी मरीज आते हैं, लेकिन अस्पताल नहीं होने की वजह से कभी जनरल अस्पताल तो कभी यूथ हॉस्टल में मरीजों को ठहराना पड़ता है।
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हर माह अस्पताल में करीब डेढ से दो सौ मरीज ऐसे आते हैं, जिन्हें दाखिल करना जरूरी होता है, लेकिन अस्पताल नहीं होने की वजह से उन्हें दूसरे जगह ठहराना पड़ता है। इनमें स्पोर्ट्स के मरीजों की तादाद ज्यादा होती है।
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