मोरनी। मोरनी सब तहसील की हालत बद से बदतर बनी हुई है। यहां न तो आमजन के बैठने और न ही पीने के पानी की कोई उचित सुविधा उपलब्ध है। शौचालयों की साफ-सफाई दयनीय स्थिति में है और बेशकीमती सरकारी रिकॉर्ड सुरक्षित रखने की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है। दीवारों में दरारें भवन की जर्जर हालत को दर्शाती हैं। आम लोगों को कार्यालय में जमीन पर बैठकर इंतजार करना पड़ता है। बुजुर्ग और ठंड में आने वाले लोगों के लिए यह स्थिति स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याएं उत्पन्न कर रही है। जिला प्रशासन के निर्देशों के बावजूद कार्यालय में मूलभूत सुविधाओं का अभाव लगातार देखा जा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि मोरनी सब तहसील से राज्य सरकार को हर सप्ताह लाखों रुपये का राजस्व प्राप्त होता है, इसके बावजूद यहां मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। बिजली बाधित होने की स्थिति में जनरेटर जैसी वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं होने से कामकाज पूरी तरह ठप हो जाता है।
तहसील की तरफ प्रशासन दे ध्यान
स्थानीय नागरिक रमेश मांधना, अच्छरू शर्मा और राजेश शर्मा ने सरकार और संबंधित विभाग से मोरनी सब तहसील की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करने की मांग की है। अगर तुरंत सुधार न हुआ तो कामकाज बाधित होने और जनता की परेशानी बढ़ने की संभावना है।