पंजाब के अब सरकारी स्कूलों में कोविड पर खास निगरानी होगी। हर बच्चा स्कूल में कोविड के संक्रमण से दूर रहे, इसके लिए हर स्कूल में एक टीचर को नोडल अफसर बनाया गया है। साथ ही जिला और ब्लॉक टास्क फोर्स की ड्यूटी है कि सभी शैक्षिक संस्थानों की औचक जांच की जाये जिससे स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी दिशा निर्देशों का सख्ती से पालन किया जा सके।
स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू की ओर से शिक्षा विभाग को जारी निर्देश में कहा गया है कि मास्क के प्रयोग और कोविड संबंधी सावधानियों के संबंध में जागरूकता फैलाने के लिए सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में अभियान चलाए जाएं और इसके तह सेशन करवाए जाएं।
उन्होंने कहा कि हाल ही में दूसरे राज्यों में कोविड के मामलों में हो रही वृद्धि और नये वायरस का पता चलने के मद्देनजर कहा है कि यह बहुत जरूरी है कि अधिक से अधिक स्वास्थ्य कर्मचारियों को टीका लगाया जाये। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने कोविड के मामलों में दोबारा हुई वृद्धि से निपटने के लिए योजना बनाई है। टीकाकरण संबंधी पंजाब में अब तक कोई भी मौत या कोई गंभीर दुष्प्रभाव सामने नहीं आया है।
स्वास्थ्य मंत्री ने शैक्षिक संस्थाओं में कोरोना के फैलाव को रोकने के लिए सभी सिविल सर्जन को निर्देश दिए हैं कि वह स्कूलों और उच्च शिक्षण संस्थाओं में स्टाफ और अध्यापकों के कोविड टेस्टों नियमित रूप से करें। कोई भी अध्यापक या विद्यार्थी पॉजिटिव पाया जाता है तो बिना देरी के कोविड पॉजिटिव व्यक्ति के संपर्क में आए अन्य लोगों की पहचान करके टेस्टिंग की जाए, जिससे वायरस के फैलाव को रोका जा सके।