पंचकूला। अवैध वसूली के मामले में अब सेक्टर-5 थाना के एसआई भूपेंद्र सिंह को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस कमिश्नर पंचकूला डॉ. हनीफ कुरैशी के आदेशानुसार अनिल भल्ला की अवैध वसूली के मामले में कुछ खामियां मिलने पर एसआई को निलंबित किया गया है। अवैध वसूली मामले मेें अभी तक सेक्टर - 2 चौकी इंचार्ज गुरमेज सिंह समेत चार पुलिस कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है। अवैध वसूली मामले में शिकायतकर्ता संजीव गर्ग पर सेक्टर - 5 थाने में फर्जी मामला दर्ज कर दबाव बनाया गया था। इस मामले में अभी जांच जारी है।
पुलिस कमिश्नर ने आदेश दिए है कि जांच के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। अवैध वसूली मामले में कार्रवाई होने के दौरान एसीपी विजय नेहरा ने भी डीसीपी कार्यालय को अपना इस्तीफा सौंपकर पुलिस महकमे में खलबली मचा दी। विजय नेहरा द्वारा अनेक सवाल खड़े करने पर रविवार को पुलिस विभाग में अटकलों का बाजार गरम रहा। सूत्रों के अनुसार इस मामले में एसीपी को मनाने का दौर जारी था। मामले में डीसीपी सुरेंद्र पाल सिंह ने एसीपी के इस्तीफे को अफवाह करार दिया है।
धमकाने वाले दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा
पंचकूला। शिकायतकर्ता को धमकाने के मामले में पुलिस ने रविवार को दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया। अदालत ने दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत भेज दिया है। आरोपियों की पहचान साहिल भल्ला और मोहित खिल्लन रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने शिकायतकर्ता संजीव गर्ग को जान से मारने की धमकी दी थी। संजीव गर्ग ने मामले की शिकायत सेक्टर-5 थाने में दी थी। शिकायत पर कार्रवाई कर पुलिस ने शनिवार की रात दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। बता दें कि साहिल भल्ला के पिता अनिल भल्ला और मोहित खिल्लन के पिता नरेंद्र खिल्लन पहले ही अवैध वसूली के मामले में संजीव गर्ग की शिकायत पर पुलिस गिरफ्त में हैं।
अवैध वसूली की जांच एसीपी विजय नेहरा ने की थी
एसीपी विजय नेहरा ने ही अवैध वसूली की जांच की थी। इसके बाद चौकी इंचार्ज समेत चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में चौैकी इंचार्ज समेत तीन लोगों को गिरफ्तार भी किया गया था, लेकिन चौकी इंचार्ज फरार हो गया। पुलिस इस मामले में आरोपियों से रिमांड के दौरान दो गाड़ियां भी बरामद कर चुकी है।
एसीपी विजय नेहरा के इस्तीफे की बात अफवाह है। - सुरेंद्र पाल सिंह, डीसीपी पंचकूला