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एचएसएससी ने खुद को बताया पाक साफ, विजिलेंस पत्ते खोलने को तैयार नहीं

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चंडीगढ़। स्टाफ नर्स, एएनएम और वीएलडीए की भर्तियों में 10 से 15 लाख रुपये लेकर परीक्षा पास कराने के आरोपों के बीच हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने खुद को पाक साफ करार देने पर सवाल उठ रहे हैं। आयोग का दावा है कि आरोपी अश्वनी शर्मा और नवीन ने जिन रोल नंबर को परीक्षा में पास कराने की बात कही थी, उनमें से एक भी परीक्षार्थी पास नहीं है। हालांकि, इसमें विजिलेंस की क्लीनचिट का इंतजार है। एचपीएससी में फर्जीवाड़े का खुलासा करने के बाद से विजिलेंस ने चुप्पी साध ली है। विजिलेंस इन भर्तियों के मामले की जांच भी कर रही है या नहीं इसको लेकर कोई भी विजिलेंस पत्ते खोलने को तैयार नहीं है।
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गौर हो कि पिछले माह एचपीएससी में नौकरियों के मामले में विजिलेंस ने उप सचिव अनिल नागर, अश्वनी शर्मा और नवीन को गिरफ्तार किया था। आरोपियों के कब्जे से साढ़े 3 करोड़ रुपए से अधिक की राशि बरामद की गई थी। आरोपियों ने खुलासा किया था कि उन्होंने परीक्षार्थियों से पैसे लेकर एचपीएससी की डेंटल सर्जन और एचसीएस प्री की परीक्षा समेत एचएसएससी की स्टाफ नर्स में 40, एएनएम 15 और वीएलडीए के 4 परीक्षार्थियों को पास कराया था। इसके बदले प्रति उम्मीदवार 10-10 लाख रुपये लिए गए थे। विजिलेंस इस मामले की जांच कर ही है। लेकिन एक माह बीत जाने के बाद भी कोई नई गिरफ्तारी हुई है और न ही विजिलेंस द्वारा कोई नया खुलासा किया है।
सोशल प्लेटफार्म पर एकजुट हो रहे युवा
आयोग द्वारा खुद ही जांच करने पर निशाना बनाया जा रहा है। प्रदेश के युवा अब सोशल मीडिया पर एकजुट होकर इसकी निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। युवाओं का कहना है कि आयोग की जांच को नहीं मानना चाहिए, बल्कि इसकी जांच बड़े स्तर पर होनी चाहिए। कुछ सामाजिक कार्यकर्ता भी इस मामले को जोर शोर से उठा रहे हैं, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
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आयोग ने उन सभी रोल नंबर की जांच की है, जो आरोपियों ने पैसे लेकर पास कराने की बात कही थी। एक भी परीक्षार्थी इसमें पास नहीं मिला है। हम हर तरह की जांच के लिए तैयार हैं। - भोपाल सिंह खदरी, चेयरमैन, एचएसएससी।
अगर एचएसएससी खुद ही मामले की जांच कर रहा है तो फिर विजिलेंस क्या कर रही है? ऐसे में तो कभी भी गड़बड़ी करने वाले पकड़ में नहीं आएंगे। इस मामले की हाईकोर्ट की निगरानी में जांच होनी चाहिए, तभी सच्चाई सामने आ सकती है। - श्वेता ढूल, सामाजिक कार्यकर्ता।
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