पंचकूला। सिविल सर्जन की अध्यक्षता में सिविल अस्पताल सेक्टर-6 में ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस पर जागरूकता सत्र आयोजित किया गया। इस सत्र में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के सदस्य, छात्र और सिविल अस्पताल के डॉक्टर शामिल हुए। डॉ. वैनी अरोड़ा और डॉ. गोपाल भारद्वाज ने विस्तृत व्याख्यान दिए। उन्होंने एचएमपीवी के लक्षणों, संक्रमण के तरीकों, उपलब्ध परीक्षण विधियों और उपचार विकल्पों सहित एचएमपीवी के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
चर्चा में इस बात पर जोर दिया गया कि एचएमपीवी आदि वायरल संक्रमणों के उपचार में एंटीबायोटिक दवाओं की कोई भूमिका नहीं है। आयोजन में चिकित्सकों को आश्वस्त किया गया कि वायरस को लेकर घबराने की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि एचएमपीवी आम तौर पर हल्के श्वसन संक्रमण का कारण बनता है। सिविल सर्जन डॉ. मुक्ता कुमार ने निवारक देखभाल के लिए उपाय करने के लिए स्वास्थ्य पेशेवरों के बीच जागरूकता बढ़ाने के महत्व पर बल दिया। हाथ की स्वच्छता, श्वसन स्वच्छता, न्यूनतम आंदोलन और मामलों और संपर्कों से उचित दूरी बनाएं।