बरवाला—भरैली मार्ग पर स्थित भावेश एंटरप्राइजेज नामक फ्लोर मिल में रविवार सुबह अचानक आग लग गई। इससे मिल में पड़ा सामान जलकर राख हो गया और बिल्डिंग जर्जर हो गई। आग लगने के कारणों का अब तक पता नहीं चल पाया है।
जानकारी के अनुसार, फ्लोर मिल में सुबह आग लग गई।
वहां काम कर रहे मजदूरों ने इस पर काबू पाने का प्रयास किया। लेकिन आग तेजी से फैलने लगी और उस पर काबू पाना मुश्किल हो गया। इसके बाद उन्होंने इसकी सूचना बरवाला पुलिस को दी। पुलिस मौके पर पहुंची और इस बारे में फायर ब्रिगेड के सब कार्यालय इंडस्ट्रीयल एरिया अलीपुर को सूचित किया। मौके पर फायर ब्रिगेड की एक गाड़ी पहुंची और कर्मचारी आग पर काबू पाने के प्रयास में जुट गए, लेकिन आग तेजी से फैलती जा रही थी। इसे देखते हुए फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियां पंचकूला और डेराबस्सी से बुलाई गईं। इसके बाद शाम तक आग पर काबू पाया जा सका।
गौरतलब यह है कि जिस जगह पर यह आग लगी, वहां पर भावेश एंटरप्राइजेज फ्लोर मिल का बोर्ड लगा है, लेकिन मिल के अंदर गोदाम बना है, जिसमें बीज रखे हुए थे। वहीं कुछ हिस्से में कच्चे माल का बुरादा तैयार किया जा रहा था। मालिक पदम ने बताया कि यह बिल्डिंग पहले उन्होंने किराए पर दी हुई थी, जिसमें फ्लोर मिल था। लेकिन कुछ समय बाद वह बंद हो गया था। इसके बाद से उन्होंने इस बिल्डिंग का कुछ हिस्सा हरिंद्र सिंह को किराए पर दिया है, जिसमें कच्चे माल से बुरादा तैयार किया जाता था। आग बुरादे में ही आग लगी है और आधे हिस्से में उन्होंने गाजर, धनिया के बीज रखे हुए थे। इस आग की घटना में उनका कई बोरी बीज भी जल गया। जब इस बारे में हरिंद्र सिंह से बात की गई तो उन्होंने कहा कि आग कैसे लगी, उन्हें जानकारी नहीं है।
पिंजौर में दो झुग्गियां जलीं
कौशल्या नदी के पास बनी झुग्गियों में रविवार को आग लग गई। इससे दो झुग्गियां जल कर खाक हो गईं, जबकि दो में आग पकड़ने से पहले ही बुझा दी गई। जानकारी के अनुसार कामधेनु गोशाला के पास करीब एक दर्जन झुग्गियां बनी हुई हैं, उनमें दोपहर में अचानक आग लग गई। दलपत और अरविंद की झुग्गियां पूरी तरह जल गईं। सूचना पाकर मौके पर कालका दमकल विभाग की टीम भी मौके पर पहुंच गई। इसके अलावा पिंजौर पुलिस के अलावा सीआरपीएफ ग्रुप केंद्र पिंजौर के डीसी केके भंडारी और सीआरपीएफ के जवान भी पहुंचे। आग लगने के कारणों को अब तक पता नहीं चल पाया है।