चंडीगढ़। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने पुलिस उपनिरीक्षकों के 463 पदों की भर्ती के लिए परीक्षा का कार्यक्रम नए सिरे से जारी कर दिया है। 400 पद पुरुष व 63 पद महिला उपनिरीक्षक के भरे जाने हैं। इनके लिए ताजा कार्यक्रम अनुसार 26 सितंबर को परीक्षा होगी। इस परीक्षा से हरियाणा लोक परीक्षा अनुचित साधन निवारण कानून लागू होगा।
विधानसभा में सरकार में हरियाणा लोक परीक्षा अनुचित साधन निवारण विधेयक पारित करवाया है। इसे दो-तीन दिन के भीतर राज्यपाल से मंजूरी मिलने के संकेत हैं। राज्यपाल की मंजूरी के साथ ही यह कानून बन जाएगा। 26 सितंबर को सुबह व शाम के समय होने वाली परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड 19 सितंबर से डाउनलोन किए जा सकेंगे। सूत्रों के अनुसार आयोग जल्दी कास्ंटेबल के लगभग 5500 पदों की भर्ती के लिए भी अगले सप्ताह परीक्षा कार्यक्रम जारी कर सकता है। अब जितनी भी परीक्षाएं भविष्य में होंगी उन पर नकल रोकने के लिए बनाया जा रहा नया कानून लागू होगा। नकल कराने, पेपर लीक व इनके लिए षडयंत्र रचने पर दो से 10 साल तक की सजा व पांच हजार से 10 लाख रुपये तक जुर्माना का प्रावधान है। नकल करने या कराने में पकड़े जाने पर दो साल तक अभ्यर्थी किसी भर्ती परीक्षा में शामिल नहीं हो सकेगा।
आयोग के चेयरमैन भोपाल सिंह ने बताया कि 26 सितंबर को 400 एसआई पुरुष की परीक्षा के लिए अंबाला, पंचकूला, कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत, फरीदाबाद, गुरुग्राम, महेंद्रगढ़ और रेवाड़ी में केंद्र बनाए गए हैं, जबकि 63 महिला एसआई की भर्ती के लिए अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र और करनाल में केंद्र बनाए हैं। एसआई पुरुष की भर्ती परीक्षा में एक लाख 58 हजार 207 और एसआई महिला की भर्ती में 56 हजार 601 अभ्यर्थी बैठने वाले हैं। 5500 पुरुष कांस्टेबल की परीक्षा का कार्यक्रम अगले सप्ताह के आरंभ में जारी हो जाने की उम्मीद है। 1100 महिला कांस्टेबल भर्र्ती की परीक्षा 18 व 19 सितंबर को होगी। इसके कार्यक्रम में बदलाव नहीं है। अब किसी भी परीक्षा का रिजल्ट तीन माह के भीतर निकालने की कार्य योजना तैयार की गई है। समय से रिजल्ट नहीं निकल पाने की वजह से काफी अभ्यर्थी परेशान रहते हैं और वह अपने-अपने तरीके से रिजल्ट की तारीख पूछने के लिए आयोग के पास दस्तक देते हैं। पहले जो परीक्षाएं हो चुकी हैं, उनके लंबित रिजल्ट भी जल्द घोषित किए जाएंगे। आयोग की ओर से पिछले दिनों 60 से 62 परीक्षाओं का आयोजन किया गया था। उनके दस्तावेजों की जांच का काम चल रहा है। आयोग ने अभ्यर्थियों की उस आशंका का भी समाधान किया है, जिसमें विभिन्न परीक्षाओं के बाद दस्तावेजों की जांच के लिए अभ्यर्थियों के पास मेल के जरिये ओटीपी भेजा जा रहा है। भोपाल सिंह ने बताया कि भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह से पारदर्शी बनाने के लिए आयोग की ओर से ओटीपी भेजने की प्रक्रिया अपनाई गई है।