पंचकूला। अभयपुर में फैले डायरिया की चपेट में आने वाले लोगों की संख्या 364 हो गई है। चार दिन से यह आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है। शनिवार को भी 89 लोगों में डायरिया की पुष्टि हुई है। डायरिया पीड़ितों की सेक्टर-6 की ओपीडी और इमरजेंसी में इलाज चल रहा है। अभयपुर में बनाए मेडिकल केंद्र के अलावा सेक्टर-16 स्थित सरकारी डिस्पेंसरी में मरीजों के लिए स्वास्थ्य विभाग की तरफ से अलग से व्यवस्था की गई है। अभयपुर में डायरिया पीड़ितों में बच्चों की संख्या बढ़ती जा रही है। शुक्रवार रात एक बच्चे को पीजीआई रेफर करना पड़ा था। अस्पताल में शनिवार को 74 मरीज भर्ती हुए हैं। इसमें 16 साल से कम उम्र के बच्चों का आंकड़ा 38 है। अस्पताल में पांच माह से लेकर 16 साल तक के कम उम्र के 38 बच्चे भी भर्ती हैं। इसके साथ ही 36 अन्य मरीज यहां भर्ती हैं।
डायरिया के मरीजों के लिए अलग से अस्पताल
सेक्टर-6 स्थित सिविल अस्पताल में तीन दिन से मरीजों की संख्या में इजाफा होता देख स्वास्थ्य विभाग की तरफ से सेक्टर-16 स्थित सरकारी डिस्पेंसरी को तैयार किया गया है। यहां डायरिया पीड़ित व्यक्तियों को 24 घंटे मेडिकल सुविधाएं मिलेंगी। यहां पर एक डॉक्टर, एक स्टाफ नर्स और हेल्पर की तैनाती 24 घंटे के लिए की गई है। इस अस्पताल में आपातकाल के लिए आठ बेड लगाए गए हैं। इसके साथ ही डायरिया के मरीजों को मेडिकल सुविधा प्रदान कर स्वास्थ्य विभाग की तरफ से सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में फिजिशयन और बच्चों के डॉक्टरों की तैनाती 24 घंटे के लिए कर दी गई है। विभाग की तरफ से परिसर में पहले से इमरजेंसी और बच्चों के विभाग में दो कमरो में अलग से वार्ड तैयार किया गया है।
तीन घरों का कनेक्शन बंद, सोमवार से सप्लाई
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के एक्सईएन अमित राठी ने बताया कि क्षेत्र में 70 प्रतिशत घरों की पानी की पाइप चेक कर ली गई है। इनकी टेस्टिंग की जा चुकी है। सोमवार तक लोगों के घरों में पानी की सप्लाई सुचारु कर दी गई जाएगी। अभयपुर में तीन फॉल्ट मिले हैं। यहां तीन घरों में मिले अवैध कनेक्शन काट दिए हैं। यहां जो फाल्ट आया है वह अवैध कनेक्शन से आया है। खुद पाइप लाइन डालने के चक्कर में पाइप फटी है। इस कारण लीकेज होने के कारण ही गंदा पानी सप्लाई हो गया है। सारे गांव की सप्लाई शुक्रवार से पूरी तरह से बंद कर दी गई है। लोगों के लिए पानी की व्यवस्था वाटर टैंकर से की जा रही है।
अभी हमारे अस्पताल में 74 मरीज भर्ती हैं। डायरिया हमेशा गंदे पानी की वजह से ही फैलता है। गांव में स्वच्छ पानी और सीवरेज की मिक्सिंग है। जिस बच्चे की मौत हुई है उसके लिए जांच कमेटी का गठन किया गया है। - डॉ. मुक्ता कुमार, सीएमओ, जिला पंचकूला