जमा देने वाली ठंड में खुले आसमान में ठिठुरती गरीबी
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। प्रशासन की ओर से ठंड बढ़ने के बाद बेघर लोगों के लिए रैन बसेरे की व्यवस्था की गई है, लेकिन इनमें अव्यस्था का आलम है। इसमें माजरी चौक स्थित रैन बसेरों में लाइट की व्यवस्था ठीक नहीं है। इस कारण रैन बसेरा बदहाल पड़े हैं। यहां बिस्तर और पानी की व्यवस्था भी ठीक नहीं है। ठंड में बाहर लोग सो रहे हैं। इस कारण बेघर लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पंचकूला प्रशासन की ओर से 31 दिसंबर को माजरी चौक और सेक्टर-5 में रैन बसेरा खोला गया था। इनमें पेयजल की किल्लत बनी हुई है। साथ ही यहां लोग ठहर नहीं रहे हैं। आसपास नशेड़ियों का अड्डा भी बना रहता है। इस कारण लोगों में भय रहता है। इसके अलावा माजरी चौक स्थित रैन बसेरों में ठंड के बाद भी लोग नहीं रुक रहे हैं। इसमें लाइट की व्यवस्था न होने के कारण ऐसे हालात बन गए हैं। वहीं शहर के सेक्टर -5, 8, 9, 10 और 11 में लोग दुकानों के सामने रात की ठंड में सो रहे हैं। इसके बाद भी प्रशासन की ओर से लोगों को जागरूक नहीं किया जा रहा है। वहीं माजरी चौक में दो, सेक्टर-5 बस स्टैंड में दो रैन बसेरे बनाए गए हैं, जो बदहाल हैं।
प्रशासन की नाकामी का गरीबी पर जोर
सेक्टर-14 की मुख्य सड़क के बगल में बनी झुग्गी में रहने वाले बलराम वर्मा ने बताया कि हम इस ठंड में झुग्गी में रहने को मजबूर हैं। प्रशासन की ओर से मदद के लिए बनाए रैन बसेरे ठीक नहीं हैं। इस कारण दिक्कत हो रही है, बिना पहचान पत्र का अगर कोई गरीब आ जाए तो उसे नहीं रुकने दिया जाता।
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महिलाओं के लिए व्यवस्था ठीक नहीं
सेक्टर -14 में झुग्गी में रहने वाली महिला रामश्री ने बताया कि महिलाओं के लिए बनाए रैन बसेरे में व्यवस्था ठीक नहीं है। इस कारण यहां रहने नहीं जातीं हैं। ठंड बढ़ने के कारण दिक्क्त का सामना करना पड़ रहा है। वहीं रैन बसेरे के आसपास शौचालय न होने और पीने पानी की व्यवस्था भी नहीं हैं।
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रैन बसेरे में बिजली, पानी की व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। जो भी जरूरतमंद हैं, उन्हें बाहर नहीं सोना चाहिए। ठंड से बचने के लिए रैन बसेरे में बिस्तर उपलब्ध कराया गया है।
-सचिन गुप्ता,कमिश्नर, नगर निगम, पंचकूला