पंचकूला। अदालत ने झपटमारी के मामले में एक माह पहले गिरफ्तार हुए दो आरोपियों को सबूत के अभाव में जमानत दी है। अदालत ने आरोपियों को यह राहत पुलिस जांच में खामियां बताते हुए दी है। अदालत ने फैसला सुनाते हुए कहा कि पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया का सही पालन नहीं किया गया है। आरोपियों की पहचान में उचित प्रक्रिया का पालन नहीं किया है।
मामला 28 अगस्त 2025 का है। सेक्टर-5 थाना में शिकायतकर्ता कन्हैया लाल ने पुलिस को बताया था कि वह सेक्टर-9 की एक दुकान पर सामान देने के बाद 10 हजार रुपये लेकर लौट रहे थे। दोपहर करीब डेढ़ बजे सेक्टर-4 के पास तीन युवक बाइक पर आकर रुके और गांजा चेकिंग के बहाने तलाशी लेने लगे। इसी दौरान वह 10 हजार रुपये नकद छीनकर फरार हो गए।
जानिए... क्या कहा पुलिस ने
पुलिस ने राजीव कॉलोनी निवासी राहुल और पन्ना लाल को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मामला दर्ज किया। पुलिस का दावा था कि आरोपियों से बाइक और करीब 6 हजार रुपये भी बरामद किए गए। साथ ही सीसीटीवी फुटेज में भी उनकी पहचान बताई गई।
अदालत ने ये सवाल उठाते दे दी जमानत
अदालत ने माना कि सीसीटीवी फुटेज घटनास्थल का नहीं है और न ही पुलिस ने न्यायिक मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में आरोपियों की पहचान परेड (टीआईपी) कराई। इससे पहचान को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया। अदालत ने कहा कि आरोपियों से कुछ बरामद होना बाकी नहीं है, उनका आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। वे 29 अगस्त से जेल में बंद हैं। ऐसे में उन्हें जेल में रखने कोई उद्देश्य पूरा नहीं होगा। अदालत ने इन परिस्थितियों के आधार पर आरोपियों को जमानत देने का फैसला सुनाया है।