फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राजनीति: रोजगार के आंकड़ों पर पंजाब में घमासान, अब शिअद ने कैप्टन पर लगाया ये आरोप

Sun, 09 Feb 2020 12:45 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
विज्ञापन
पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह - फोटो : फाइल फोटो
विज्ञापन

शिरोमणि अकाली दल (शिअद) ने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को झूठ का पुतला करार देते हुए आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री ने दिल्ली विधानसभा चुनाव में बोले झूठ को सही ठहराने के लिए सरकारी नौकरियों के झूठे आंकड़े पेश किए हैं। पार्टी ने कहा कि प्राइवेट भर्ती मुहिम के तहत दी गई नौकरियों को सरकारी खाते में दिखाकर और मनरेगा के तहत दिए काम को भी नौकरी बताकर फर्जी आंकड़े तैयार कर दिखाए जा रहे हैं।

विज्ञापन


शनिवार को जारी प्रेस बयान में अकाली नेता-प्रोफेसर प्रेम सिंह चंदूमाजरा और जत्थेदार तोता सिंह ने कहा कि हमें पता है कि ऐसे व्यक्ति के लिए झूठ बोलना कितना आसान है, जो दशमेश पिता और पवित्र गुटका साहिब के नाम पर झूठी सौगंध खा चुका है। उन्होंने कहा कि हम यह कहना चाहते हैं कि मुख्यमंत्री चाहे जो मर्जी सोचें लेकिन लोग बेवकूफ नहीं हैं। वह मुख्यमंत्री के झूठ और फरेब को बहुत नजदीक से देख चुके हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री झूठे आंकड़े पेश करके उस पूरी पीढ़ी के आगे अपने पाप नहीं धो सकते, जिसे उन्होंने धोखा दिया है।

अकाली नेताओं ने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि वह अपने 11 लाख नौकरियां देने के दावे को साबित करें। उन्होने कहा कि मुख्यमंत्री उन 11 लाख नौजवानों के नाम, नौकरियां और वेतन के विवरण की पीडीएफ फाइल जारी कर सकते थे। इसकी जगह उन्होंने विपक्ष के बारे में गलत शब्दावली का इस्तेमाल करके एक बेहद संवेदनशील मसले का राजनीतिकरण कर दिया है। उन्होंने कहा कि एक मुख्यमंत्री को ऐसा व्यवहार शोभा नही देता।
विज्ञापन


बादल सरकार ने दी 2,28,780 नौकरियां : शिअद
प्रोफेसर चंदूमाजरा और जत्थेदार तोता सिंह ने कहा कि वह मुख्यमंत्री को 15 सालों के दौरान उत्पन्न की गई नौकरियों की जानकारी देना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार के आंकड़ों के अनुसार, जब कैप्टन 2002-07 के दौरान मुख्यमंत्री थे, तब सिर्फ 24,683 नौकरियां दी गई थी। प्रकाश सिंह बादल के नेतृत्व वाली अकाली-भाजपा सरकार के 10 सालों के दौरान 2,28,780 सरकारी नौकरियां दी गई थी। इस अवधि के दौरान अकाली-भाजपा ने 8 लाख नई नौकरियां सृजित की थी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें