चंडीगढ़। पंजाब विश्वविद्यालय के शिक्षकों ने सोमवार शाम को शांति मार्च निकाला। यह शांति मार्च पीयू के गेट नंबर एक से शुरू होकर गेट नंबर तीन तक पहुंचा। शिक्षकों ने कहा कि पीयू कैंपस का माहौल हिंसक बनता जा रहा है। यहां अकादमिक माहौल बनाने के लिए प्रयास किए जाने चाहिए।
पीयू के गेट नंबर एक पर शाम पांच बजे शिक्षक एकत्र होना शुरू हुए। धीरे-धीरे शिक्षकों की संख्या काफी हो गई। कुछ विद्यार्थी व कर्मचारी भी इस शांति मार्च में पहुंचे। शिक्षकों ने कहा कि बाहरी लोगों का यहां आगमन हो रहा है। यह शिक्षण संस्थान है। यहां नेताओं की आवाजाही हो रही है। कैंपस को अखाड़ा बनाया जा रहा है। अधिकारियों को घेरा जा रहा है। उनके साथ अभद्रता हो रही है। इससे पीयू की छवि खराब हो रही है। इसे लेकर शांति मार्च निकाला जा रहा है। शिक्षकों ने कहा कि कैंपस में कुछ गलत होता है तो वह उसे बर्दाश्त नहीं करेंगे।
शांति मार्च वीसी को खुश करने का प्रयास : एसएफएस
एसएफएस ने बयान जारी कर शांति मार्च पर सवाल खड़े किए हैं। कहा कि यह वीसी को खुश करने के लिए किया गया है। इन शिक्षकों को कैंपस खुलवाने के लिए आगे आना चाहिए था, लेकिन नहीं आए। केवल कुर्सियां पाने के लिए ऐसा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि वीसी अपनी मनमानी कर रहे हैं। सीनेट व सिंडिकेट को जब खत्म किया जा रहा था, तब इन शिक्षकों ने आवाज नहीं उठाई।