चंडीगढ़ के कारोबारी राहुल गांधी ने जीरकपुर निवासी परवीन कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई थी। निचली अदालत ने सुनवाई के बाद परवीन कुमार को बरी कर दिया था। इस फैसले को सेशंस कोर्ट ने बरकरार रखा।
करीब 4.46 करोड़ रुपये के स्टॉक गबन और चार लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में चंडीगढ़ निवासी कारोबारी राहुल गांधी को जिला अदालत से राहत नहीं मिली। गांधी ने जीरकपुर निवासी परवीन कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई थी।
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निचली अदालत ने सुनवाई के बाद परवीन कुमार को बरी कर दिया था। इस फैसले को राहुल गांधी ने सेशंस कोर्ट में चुनौती दी, लेकिन अदालत ने अपील खारिज करते हुए निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखा।
सेशंस कोर्ट ने कहा कि रिकॉर्ड पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर परवीन कुमार को दोषी ठहराने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं हैं। अदालत ने निचली अदालत के 30 मार्च 2019 के फैसले में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया। इसके साथ ही कारोबारी राहुल गांधी की अपील परवीन कुमार के पक्ष में फैसले के साथ समाप्त हो गई।